हरियाणा कांड पर भड़कीं मायावती, कहा-तुच्छ मानसिकता वाले मंत्री वीके सिंह को हटाकर जेल भेजें मोदी

लखनऊ: हरियाणा में दलित बच्चों को जलाकर मार डालने की घटना पर सियासत तेज हो होती जा रही है। आज बहुजन समाज पार्टी की राष्ट्रीय अध्यक्ष मायावती ने एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में हरियाणा सरकार पर दलितों के प्रति गंभीर नहीं होने का आरोप लगाया| मायावती ने पीएम मोदी से दखल देने की मांग करते हुए मंत्री वीके सिंह को हटाने की मांग भी की।

एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में बसपा सुप्रीमों मायावती ने कहा कि पुलिस के पहरे मे दलितो को जिंदा जलाना बेहद ही शर्मनाक घटना है। दलितों के प्रति भाजपा की हरियाणा सरकार जरा भी गंभीर नहीं है। उन्होंने कहा कि वहां पर जिस भी दलित ने स्वाभिमान से जीने की ओर कदम बढ़ाया, उसकी हत्या कर दी जा रही है। वहां पर दलितों के प्रति काफी दमनात्मक रुख अपनाया जा रहा है। दबंगों का मुकाबला करने वालों की हत्या हो रही है। मायावती ने कहा कि बीजेपी, कांग्रेस या फिर अन्य किसी विरोधी पार्टी की सरकार रही हों, इनमें दलितों के प्रति जातिवादी मानसिकता है। उस पर चलकर दलितों के साथ बड़े पैमाने पर शोषण औऱ अपमान होता रहा है। इनके दोषिय़ों को भी इनकी सरकारें बचाती आ रही हैं। इनकी दलितों के प्रति हीन मानसिकता साफ नजर आती है।

लखनऊ में अपने आवास पर उन्होंने मीडिया से कहा कि इस घटना को लेकर मीडिया में कई प्रकार की ख़बरें चल रहे हैं, जो कि ठीक नहीं हैं। हरियाणा में चंद रोज पहले पुलिस के पहरे में चार दलितों को जिंदा जलाया गया। यह दलित परिवार स्वाभिमानी था। यह भाजपा की सरकार के लिए बेहद ही शर्मनाक है। दलित परिवार ने वहां पर सामंतवादी लोगों का मुकाबला किया। इसका खामियाजा उनको भुगतना पड़ा। इस घटना से हरियाणा सरकार की दलितों की प्रति जातिवादी मानसिकता दिखती है।

मायावती ने कहा कि देश में हर सरकार ने दलितों का उत्पीडऩ किया है। विपक्षी दलों की सरकारों में दलित उत्पीडऩ बढ़ा है। उत्तर प्रदेश में भी हालत बेहद खराब है। दलितों का उत्पीडऩ हो रहा है। उन्होंने कहा कि आजादी से अब तक हर सरकार ने दलितों की उपेक्षा की है। इन सभी की दलितों के प्रति जातिवादी मानसिकता रही है। उन्होंने कहा कि सामंतवादी लोग दलितों को गुलाम बनाना चाहते हैं। सभी जगह सरकार पर नियंत्रण सामंतवादी लोगों का है। उन्होंने कहा कि जब केंद्र में कांग्रेस की सरकार होती है तो भाजपा नाटक करती है और जब भाजपा की सरकार होती है तो कांग्रेस नाटक करती है।

सरकारें उन दबंगों को बचा रही है बजाए कार्रवाई करने के। हमारी पार्टी इस उत्पीड़न की कड़े शब्दों में निंदा करते हैं। जब केंद्र और हरियाणा में कांग्रेस पार्टी सत्ता में थी तो हिसार औऱ उसके आसपास के गांवों में दबंगों ने दलितों का उत्पीड़न किया औऱ मजबूरन उन लोगों को वहां से गांव छोड़ना पड़ा। संसद में भी ये मुद्दा उठाया गया लेकिन केंद्र औऱ हरियाणा की कांग्रेस सरकार ने कुछ नहीं किया। उस समय कांग्रेस के राजकुमार राहुल गांधी भी वहां नहीं गए उन्हें बचाने। अच्छा होता कि राहुल गांधी भी वहां जाकर उनको पलायन से रोकते।

पहले बीजेपी भी बहुत हल्ला मचा रही थी कि दलितों का शोषण हो रहा है, लेकिन अब जब बीजेपी पावर में है तो अब कांग्रेस के लोग नाटक करने जा रहे हैं। कांग्रेस के युवराज राहुल गांधी वहां घड़ियाली आंसू बहाने गए। लेकिन इससे पहले जब हुआ था तब तो ये राहुल गांधी कुंभकरण की तरह सोए हुए थे। विपक्षी पार्टिया दलितों के उत्पीडऩ पर संवेदना जताती है। उन्होंने आरोप लगाया कि हरियाणा सरकार आरोपियों को बचा रही है।

मायावती ने कहा कि केंद्र सरकार के गंभीर होने के बजाए उनके मंत्री वीके सिंह ने बयान दिया कि कुत्ते को पत्थर मारोगे तो इसके लिए प्रशासन क्या करेगा। उनका बयान पूरे देश के दलितों के मान सम्मान के खिलाफ है। हमारी पार्टी इस बयान की निंदा करती है और नरेंद्र मोदी से ये मांग करती है कि अपने ऐसे घटिया औऱ तुच्छ मानसिकता वाले मंत्री को हटाकर जेल भिजवाना चाहिए था। अच्छा होता कि बयान देने के तुंरत बाद इस मंत्री को हटाकर जेल भेज देना चाहिए था।