मुलायम और अखिलेश के बंगले पर लगी मंत्री सिद्धार्थ नाथ सिंह की नजर

siddharth nath singh
मुलायम और अखिलेश के बंगले पर लगी मंत्री सिद्धार्थ नाथ सिंह की नजर

लखनऊ । उत्तर प्रदेश सरकार के कद्दावर मंत्री सिद्धार्थ नाथ सिंह की एक नई चिट्ठी सोशल मीडिया पर वॉयरल हो रही है। इस अधिकारिक चिट्ठी में योगी सरकार के स्वास्थ्य मंत्री सिद्धार्थ नाथ सिंह ने राज्य संपत्ति विभाग को अपने छोटे बंगले का हवाला देते हुए विक्रमादित्य मार्ग पर स्थित बंगला नंबर 4 और 5 में से कोई एक बंगला उन्हें आवंटित करने की अपील की है। विक्रमादित्य मार्ग के ये दोनों ही बंगले पूर्व मुख्यमंत्री के रूप में अखिलेश यादव और मुलायम सिंह यादव को आवंटित थे। जिन्हें सुप्रीम कोर्ट के आदेश के बाद हाल ही में खाली किया गया है।

Health Minister Siddharth Nath Singh Wants Big Bungalow That Belongs To Mulayam And Akhilesh In Past :

उत्तर प्रदेश सरकार में कैबिनेट मंत्री की हैसियत रखने वाले सिद्धार्थ नाथ सिंह की अ​भिलाषा की बात की जाए तो वह अब तक राज्य संपत्ति विभाग से टीवी और लैपटॉप प्राप्त करने के लिए भी चिट्ठी लिख चुके हैं। उनकी दोनों चिट्ठीयां सोशल मीडिया में खूब वॉयरल हुई थीं।

उत्तर प्रदेश सरकार में सिद्धार्थ नाथ सिंह की हैसियत केवल कैबिनेट मंत्री की ही नहीं है। वह सरकार के मुख्य प्रवक्ता की भूमिका भी निभा रहे है। वह बंगला प्रकरण को लेकर पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव पर खासा हमलावर रहे हैं।

जैसा कि सभी जानते हैं कि उत्तर प्रदेश के इलाहाबाद शहर की पश्चिमी सीट से विधायक सिद्धार्थ नाथ सिंह पहली बार में ही विधायक निर्वाचित होकर कैबिनेट में जगह पाने में कामयाब रहे हैं। एक मुख्यमंत्री और दो उप मुख्यमंत्रियों के नेतृत्व वाली यूपी की भाजपा सरकार में उन्हें साइलेंट उप मुख्यमंत्री भी कहा जाता है। जिसकी वजह पार्टी के हाईकमान में उनकी पैठ और पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अमित शाह के विश्वास पात्र के रूप में उनकी पहचान है।

आपको बता दें कि सिद्धार्थ नाथ सिंह को कैबिनेट मंत्री के रूप में गौतमपल्ली के बंगला नंबर 19 आवंटित है।प्रमुख सचिव मुख्यमंत्री को लिखी गई चिट्ठी के मुताबिक जनता से मिलने के लिए और उनके कैंप व स्टाफ के लिए बंगले में पर्याप्त स्थान नहीं है। अब उन्हें लगता है कि हाल ही में खाली हुए विक्रमादित्य मार्ग के बंगला नंबर 4 या 5 को आवंटित करके जगह की कमी की समस्या दूर की जा सकती है।

सिद्धार्थ नाथ सिंह की आए दिन वॉयरल होने वाली चिट्ठियां बतातीं हैं कि वह सरकारी सुविधाओं का भरपूर ​लुफ्त उठाने का कोई मौका हाथ से जाने नहीं देना चाहते। पूर्व मुख्यमंत्रियों के बंगले खाली होने के साथ ही बड़ा बंगला पाने की उनकी अभिलाषा भी कुलाचें भरकर गौतमपल्ली 19 से निकल कर विक्रमादित्य मार्ग के बंगला नंबर 4 और 5 के बाहर मंडरा रही है।

Letter
सिद्धार्थ नाथ सिंह की चिट्ठी
लखनऊ । उत्तर प्रदेश सरकार के कद्दावर मंत्री सिद्धार्थ नाथ सिंह की एक नई चिट्ठी सोशल मीडिया पर वॉयरल हो रही है। इस अधिकारिक चिट्ठी में योगी सरकार के स्वास्थ्य मंत्री सिद्धार्थ नाथ सिंह ने राज्य संपत्ति विभाग को अपने छोटे बंगले का हवाला देते हुए विक्रमादित्य मार्ग पर स्थित बंगला नंबर 4 और 5 में से कोई एक बंगला उन्हें आवंटित करने की अपील की है। विक्रमादित्य मार्ग के ये दोनों ही बंगले पूर्व मुख्यमंत्री के रूप में अखिलेश यादव और मुलायम सिंह यादव को आवंटित थे। जिन्हें सुप्रीम कोर्ट के आदेश के बाद हाल ही में खाली किया गया है।उत्तर प्रदेश सरकार में कैबिनेट मंत्री की हैसियत रखने वाले सिद्धार्थ नाथ सिंह की अ​भिलाषा की बात की जाए तो वह अब तक राज्य संपत्ति विभाग से टीवी और लैपटॉप प्राप्त करने के लिए भी चिट्ठी लिख चुके हैं। उनकी दोनों चिट्ठीयां सोशल मीडिया में खूब वॉयरल हुई थीं।उत्तर प्रदेश सरकार में सिद्धार्थ नाथ सिंह की हैसियत केवल कैबिनेट मंत्री की ही नहीं है। वह सरकार के मुख्य प्रवक्ता की भूमिका भी निभा रहे है। वह बंगला प्रकरण को लेकर पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव पर खासा हमलावर रहे हैं।जैसा कि सभी जानते हैं कि उत्तर प्रदेश के इलाहाबाद शहर की पश्चिमी सीट से विधायक सिद्धार्थ नाथ सिंह पहली बार में ही विधायक निर्वाचित होकर कैबिनेट में जगह पाने में कामयाब रहे हैं। एक मुख्यमंत्री और दो उप मुख्यमंत्रियों के नेतृत्व वाली यूपी की भाजपा सरकार में उन्हें साइलेंट उप मुख्यमंत्री भी कहा जाता है। जिसकी वजह पार्टी के हाईकमान में उनकी पैठ और पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अमित शाह के विश्वास पात्र के रूप में उनकी पहचान है।आपको बता दें कि सिद्धार्थ नाथ सिंह को कैबिनेट मंत्री के रूप में गौतमपल्ली के बंगला नंबर 19 आवंटित है।प्रमुख सचिव मुख्यमंत्री को लिखी गई चिट्ठी के मुताबिक जनता से मिलने के लिए और उनके कैंप व स्टाफ के लिए बंगले में पर्याप्त स्थान नहीं है। अब उन्हें लगता है कि हाल ही में खाली हुए विक्रमादित्य मार्ग के बंगला नंबर 4 या 5 को आवंटित करके जगह की कमी की समस्या दूर की जा सकती है।सिद्धार्थ नाथ सिंह की आए दिन वॉयरल होने वाली चिट्ठियां बतातीं हैं कि वह सरकारी सुविधाओं का भरपूर ​लुफ्त उठाने का कोई मौका हाथ से जाने नहीं देना चाहते। पूर्व मुख्यमंत्रियों के बंगले खाली होने के साथ ही बड़ा बंगला पाने की उनकी अभिलाषा भी कुलाचें भरकर गौतमपल्ली 19 से निकल कर विक्रमादित्य मार्ग के बंगला नंबर 4 और 5 के बाहर मंडरा रही है।[caption id="attachment_293876" align="aligncenter" width="720"]Letter सिद्धार्थ नाथ सिंह की चिट्ठी[/caption]