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Hindi Diwas 2019: इन फिल्मों ने दिया हिन्दी को महत्व, हिंदवासियों को देखकर होता है गर्व

Hindi Diwas 2019 These Films Gave Importance To Hindi Indians Are Proud To See Them

By पर्दाफाश समूह 
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मुंबई। आज हिंदी दिवस पूरे देश गर्व से मनाया जा रहा है। ये दिवस इसलिए मनाया जाता है क्योंकि 14 सितंबर 1949 को संविधान सभा ने एक मत से यह निर्णय लिया था कि हिंदी भारत की राजभाषा होगी। इस फैसले के बाद राष्ट्रभाषा प्रचार समिति, वर्धा के अनुरोध पर 1953 से पूरे भारत में 14 सितंबर के दिन हर हिंदुस्तानी इस दिवस को मनाता आ रहा है। आज के दिन बॉलीवुड की कुछ ऐसी फिल्मों के बारें में बात करेंगे जिसे देखकर आपको हिन्दी भाषा पर बहुत गर्व होगा।

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हिंदी मीडियम:

इस फिल्म की कहानी दिल्ली में रहने वाले एक व्यापारी राज बत्रा की है, जो दिल्ली में शादी में उपयोग होने वाले कपड़ों का व्यापार करता है। वह अमीर होता है, लेकिन अच्छी तरह अंग्रेजी नहीं जानता। फिल्म में इरफान खान और सबा कमर लीड रोल में हैं। फिल्म ‘हिंदी मीडियम’ अंग्रेजी बोलने वालों और न बोलने वाले के बीच के अंतर और शिक्षा व्यवस्था पर सवाल खड़े करती है।

नमस्ते लंदन:

‘नमस्ते लंदन’ में भला अक्षय कुमार की वो स्पीच कैसे भुलाई जा सकती है उन्होंने कैटरीना कैफ की सगाई के दौरान दी थी जिसमें भारत की सभ्यता के साथ साथ हिंदी का महत्व समझाया था। इससे ना सिर्फ फिल्म में कैटरीना उनसे इंप्रेस हो गई थी बल्कि हिंदी प्रेमियों ने भी हॉल में खड़े होकर तालियां बजाई थीं। फिल्म में बताया गया है कि अंग्रेजी बोलने वाले ही क्लासी नहीं होते। हिंदी बोलने वाले भी बाजी मार सकते हैं।

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इंग्लिश विंग्लिश:

फिल्म ‘इंग्लिश विंग्लिश’ फिल्म में लीड रोल श्रीदेवी ने निभाया है, जिसका नाम शशि है। जो अंग्रेजी भाषा में अपने आपको व्यक्त नहीं कर पाती। उसकी 12 साल की लड़की पैरेंट्स-टीचर मीटिंग में अपनी मां को ले जाने में शर्मिंदगी महसूस करती है। शशि अपनी बहन की बेटी की शादी के लिए न्यूयॉर्क जाती है और वहां अंग्रेजी सीखने का फैसला करती है। फिल्म में यह बताने की कोशिश की गई है कि भारत में अंग्रेजी का हौव्वा बनाया गया है और माहौल ऐसा बनाया गया है कि अंग्रेजी में बात करना विद्वता की निशानी है। टूटी-फूटी हिंदी या क्षेत्रीय भाषा यदि कोई बोलता है तो उसका कोई मजाक नहीं बनाया जाता।

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