चुनाव से पहले यूपी में गठबंधन को लेकर होगा दोबारा विचार: पी. चिदंबरम

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चुनाव से पहले यूपी में गठबंधन को लेकर होगा दोबारा विचार: पी. चिदंबरम

नई दिल्ली। ​उत्तर प्रदेश में लोकसभा चुनाव को लेकर हुए सपा—बसपा गठबंधन के बाद वरिष्ठ कांग्रेस नेता पी. चिदंबरम ने बड़ा बयान दिया है। उन्होने कहा कि उत्तरप्रदेश में हुए सपा-बसपा गठबंधन पर लोकसभा चुनाव से पहले दोबारा विचार किया जाएगा। हालांकि। उन्होने इस दौरान कहा कि उनकी पार्टी को कमजोर न समझा जाए, जरूरत पड़ने पर वो अकेले ही चुनाव लड़ सकती है।

Hope For Rethink On Sp Bsp Alliance In Up Before Loksabha Election Says P Chidambaram :

पी. चिदंबरम ने बाते शनिवार को उत्तर प्रदेश में हुई सपा-बसपा की संयुक्त प्रेसवार्ता के बाद कहीं। बता दें कि इस गठबंधन में कांग्रेस को जगह नहीं दी गई है। चिदंबरम ने कहा कि सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव और बसपा प्रमुख मायावती के बीच सीटों के बंटवारे को लेकर हुआ समझौता अंतिम नहीं है। चुनाव आने तक इसमें बदलाव भी हो सकता है।

चिदंबरम ने कहा कि चुनाव नजदीक आने पर उत्तरप्रदेश में एक बड़े आधार वाला गठबंधन बनाया जाएगा। ये बाते उन्होने तब कही जब आगामी लोकसभा चुनाव के लिए तैयार हो रहे घोषणा पत्र के लिए जुटाई जा रहीं आम लोगों की राय से संबंधित एक कार्यक्रम आयोजित किया गया था। गठबंधन में शामिल होने की इच्छा जाहिर करते हुए उन्होने कहा कि भाजपा को हराने के लिए सभी धर्मनिरपेक्ष और उदारवादी दल चुनाव लड़ने के लिए एकजुट होंगे।

नई दिल्ली। ​उत्तर प्रदेश में लोकसभा चुनाव को लेकर हुए सपा—बसपा गठबंधन के बाद वरिष्ठ कांग्रेस नेता पी. चिदंबरम ने बड़ा बयान दिया है। उन्होने कहा कि उत्तरप्रदेश में हुए सपा-बसपा गठबंधन पर लोकसभा चुनाव से पहले दोबारा विचार किया जाएगा। हालांकि। उन्होने इस दौरान कहा कि उनकी पार्टी को कमजोर न समझा जाए, जरूरत पड़ने पर वो अकेले ही चुनाव लड़ सकती है। पी. चिदंबरम ने बाते शनिवार को उत्तर प्रदेश में हुई सपा-बसपा की संयुक्त प्रेसवार्ता के बाद कहीं। बता दें कि इस गठबंधन में कांग्रेस को जगह नहीं दी गई है। चिदंबरम ने कहा कि सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव और बसपा प्रमुख मायावती के बीच सीटों के बंटवारे को लेकर हुआ समझौता अंतिम नहीं है। चुनाव आने तक इसमें बदलाव भी हो सकता है। चिदंबरम ने कहा कि चुनाव नजदीक आने पर उत्तरप्रदेश में एक बड़े आधार वाला गठबंधन बनाया जाएगा। ये बाते उन्होने तब कही जब आगामी लोकसभा चुनाव के लिए तैयार हो रहे घोषणा पत्र के लिए जुटाई जा रहीं आम लोगों की राय से संबंधित एक कार्यक्रम आयोजित किया गया था। गठबंधन में शामिल होने की इच्छा जाहिर करते हुए उन्होने कहा कि भाजपा को हराने के लिए सभी धर्मनिरपेक्ष और उदारवादी दल चुनाव लड़ने के लिए एकजुट होंगे।