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फर्जी कागज के सहारे जालसाजों ने कराई मकान की रजिस्ट्री, हड़पे 50 लाख रुपये

योगी सरकार अपराधियों (criminals) पर लगातार नकेल कसने का दावा करने से नहीं थकती है, लेकिन इसके उलट अपराधियों के हौंसले बुलंद ही नजर आते हैं। इसकी बानगी आए दिन कहीं न कहीं से सामने आते रहते हैं। प्रदेश की राजधानी लखनऊ के गोमतीनगर थाना क्षेत्र से एक खबर सामने आई है। मिली जानकारी के अनुसार ठगों ने एक मकान पर अपना हक जताते हुए एक व्यक्ति से 50 लाख में मकान का सौदा कर लिया।

By शिव मौर्या 
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लखनऊ।  योगी सरकार अपराधियों (criminals) पर लगातार नकेल कसने का दावा करने से नहीं थकती है, लेकिन इसके उलट अपराधियों के हौंसले बुलंद ही नजर आते हैं। इसकी बानगी आए दिन कहीं न कहीं से सामने आते रहते हैं।

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प्रदेश की राजधानी लखनऊ के गोमतीनगर थाना क्षेत्र से एक खबर सामने आई है। मिली जानकारी के अनुसार ठगों ने एक मकान पर अपना हक जताते हुए एक व्यक्ति से 50 लाख में मकान का सौदा कर लिया। इसके साथ साथ ही  जालसाजों ने फर्जी कागज के सहारे मकान की रजिस्ट्री (registry) तक कर दी, लेकिन जब खरीदार मकान में शिफ्ट  ( shift) करने के लिए पहुंचा तो पड़ोसियों से मकान दूसरे व्यक्ति के नाम पर होने का पता चला। जिसके बाद पीड़ित ने जालसाजों के खिलाफ FIR दर्ज कराई है।

गौरतलब है कि पीड़ित  का नाम सुधीर चंद्र मिश्रा बताया जा रहा है। जो  लखनऊ के ऐशबाग नवाबगंज के निवासी है। उन्होंने बताया कि वह मकान खरीदने के लिए कई लोगों से सम्पर्क कर रहे थे। जिसके बाद  उन्हें गोमतीनगर विनम्रखंड में बने मकान के बारे में जानकारी मिली।

छानबीन करने पर पता चला कि यह मकान उमरावती कुशवाहा का है। जो  छोटा भरवारा के निवासी हैं।  इसके बाद उन्होंने महिला से सम्पर्क किया। इस दौरान उमरावती का पति उमेश कुशवाहा, बेटा और बेटियां भी मौजूद थीं। बातचीत के बाद मकान की कीमत 50 लाख रुपये में तय हुई थी। उमरावती का कहना था कि पूरी रकम मिलने के बाद ही वह रजिस्ट्री करेगी।

उसके बाद सुधीर ने उमरावती और उमेश के बताए गए खातों में 50 लाख  रुपये ट्रांसफर किए थे। खाते में पैसा जमा होने के बाद आरोपियों ने रजिस्ट्री कर दी थी। जिसके बाद सुधीर ने मकान में कुछ निर्माण शुरू कराया था। इस दौरान ही उन्हें पड़ोसियों ने बताया कि यह मकान उमरावती का नहीं है। उनकी बात सुन कर सुधीर ने जब छानबीन की  तो पता चला कि उमरावती ने जाली कागज तैयार कर मकान बेचा है।  इसके बाद वजीरगंज कोतवाली में सुधीर ने उमरावती, उसके पति उमेश, बेटे और दो बेटियों के खिलाफ धोखाधड़ी का मुकदमा दर्ज कराया है।

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