ईरान के 52 सांस्कृतिक स्थलों पर हमला किया तो USA होगा युद्ध अपराधी, ये है UN का कानून

USA
ईरान के 52 सांस्कृतिक स्थलों पर हमला किया तो USA होगा युद्ध अपराधी, ये है UN का कानून

नई दिल्ली। अमेरिकी हवाई हमले में ईरान के जनरल कासिम सुलेमानी की मौत के बाद दोनों देशों में युद्ध के आसार बन गए हैं। आज सुबह तड़के ईरान ने ईराक स्थित अमेरिकी सैन्य ठिकाने पर मिसाइलें दागीं। जिसमें कई अमेरिकी सैनिकों के मारे जाने की खबर है। इस बीच अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान के 52 सांस्कृतिक स्थलों पर हवाई हमले की धमकी दी है। अगर उनकी धमकी पर अमेरिकी सेना कार्रवाई करती है तो यह युद्ध अपराध माना जाएगा। इस तरह के हमलों पर अंतरराष्ट्रीय प्रतिबंध है। अमेरिका के रक्षा मंत्री मार्क एस्पर ने कहा है कि हम सैन्य संघर्ष के नियमों का पालन करेंगे।

If Usa Invades 52 Cultural Sites Of Iran Usa Will Be War Criminal This Is Un Law :

संयुक्त राष्ट्र के मुताबिक कि अंतर्राष्ट्रीय कानून में ऐेसा कोई भी दस्तावेज नहीं है जो सभी युद्ध अपराधों को सूचिबद्ध करता है। बल्कि, युद्ध अपराध को जिनेवा कन्वेंशन 1864 और 1948 के साथ-साथ हेग कन्वेंशन 1899 और 1907 के उल्लंघन के तौर पर परिभाषित किया गया है। इन सभी को मिलाकर इंटरनेशनल क्रिमिनल कोर्ट के रोम कानून इसे कानून का गंभीर उल्लंघन के तौर पर परिभाषित करता है। साथ ही अंतरर्राष्ट्रीय सशस्त्र संघर्षों के साथ-साथ 1949 के जिनेवा कन्वेंशन का उल्लंघन भी।

आईआईसी के रोम कानून की धारा आठ के मुताबिक, किसी भी देश के धार्मिक, शैक्षणिक, कला और विज्ञान से जुड़े भवनों के साथ-साथ ऐतिहासिक धरोहरों, अस्पतालों पर हमला युद्ध अपराध की श्रेणी में आएगा। वहीं, डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान के सांस्कृतिक रूप से महत्वपूर्ण जगहों पर हमले के आदेश दी है। अगर अमेरिकी सेना ऐसा करती है तो अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप युद्ध अपराधी की श्रेणी में आ जाएंगे।

नई दिल्ली। अमेरिकी हवाई हमले में ईरान के जनरल कासिम सुलेमानी की मौत के बाद दोनों देशों में युद्ध के आसार बन गए हैं। आज सुबह तड़के ईरान ने ईराक स्थित अमेरिकी सैन्य ठिकाने पर मिसाइलें दागीं। जिसमें कई अमेरिकी सैनिकों के मारे जाने की खबर है। इस बीच अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान के 52 सांस्कृतिक स्थलों पर हवाई हमले की धमकी दी है। अगर उनकी धमकी पर अमेरिकी सेना कार्रवाई करती है तो यह युद्ध अपराध माना जाएगा। इस तरह के हमलों पर अंतरराष्ट्रीय प्रतिबंध है। अमेरिका के रक्षा मंत्री मार्क एस्पर ने कहा है कि हम सैन्य संघर्ष के नियमों का पालन करेंगे। संयुक्त राष्ट्र के मुताबिक कि अंतर्राष्ट्रीय कानून में ऐेसा कोई भी दस्तावेज नहीं है जो सभी युद्ध अपराधों को सूचिबद्ध करता है। बल्कि, युद्ध अपराध को जिनेवा कन्वेंशन 1864 और 1948 के साथ-साथ हेग कन्वेंशन 1899 और 1907 के उल्लंघन के तौर पर परिभाषित किया गया है। इन सभी को मिलाकर इंटरनेशनल क्रिमिनल कोर्ट के रोम कानून इसे कानून का गंभीर उल्लंघन के तौर पर परिभाषित करता है। साथ ही अंतरर्राष्ट्रीय सशस्त्र संघर्षों के साथ-साथ 1949 के जिनेवा कन्वेंशन का उल्लंघन भी। आईआईसी के रोम कानून की धारा आठ के मुताबिक, किसी भी देश के धार्मिक, शैक्षणिक, कला और विज्ञान से जुड़े भवनों के साथ-साथ ऐतिहासिक धरोहरों, अस्पतालों पर हमला युद्ध अपराध की श्रेणी में आएगा। वहीं, डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान के सांस्कृतिक रूप से महत्वपूर्ण जगहों पर हमले के आदेश दी है। अगर अमेरिकी सेना ऐसा करती है तो अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप युद्ध अपराधी की श्रेणी में आ जाएंगे।