अगर आपको भी है सर्दी-जुकाम तो ऐसे करे जलनेति क्रिया, फौरन मिलेगा आराम

jalneti kriya
अगर आपको भी है सर्दी-जुकाम तो ऐसे करे जलनेति क्रिया, फौरन मिलेगा आराम

लखनऊ। मौसम के बदलते ही आजकल लोग सर्दी-जुकाम खांसी, छींक और सर दर्द जैसी बीमारियों से परेशान दिख रहें हैं। इस तरह की समस्या में योग क्रिया पर आधारित नाक शोधन की क्रिया “जलनेति” बड़ी ही कारगर है। जलनेति क्रिया के माध्यम से नाक के अंदर तक सफाई होती है जिसकी वजह से सर्दी-जुकाम से होने वाले सारे लक्षणों में आराम मिल जाता है। अगर कोई व्यक्ति इस तरह की समस्याओं से परेशान है तो इस क्रिया को उपयोग कर सकता है।

If You Too Have Cold And Cough Then Do Burning Sensation Will Get Rest :

ऐसे करें जलनेति क्रिया:
  • सबसे पहले आधा लीटर गुनगना पानी लेकर उसमें आधा चम्मच नमक मिलाएं और फिर जलनेति के बर्तन में पानी को रख दें।
  • इसके बाद जलनेति शुरु करने से पहले कागासन की अवस्था में बैठ जाएं।
  • दोनों पैरों के बीच में दो फीट की दूरी रखते हुए आगे की ओर झुकें। उस समय जिस नाक के छिद्र से सांस चल रही हो उसके दूसरी तरफ सिर को झुकाएं।
  • जलनेति के बर्तन से नाक के छिद्र में धीरे धीरे पानी डालना शुरु करें।
  • इस प्रक्रिया को करते समय मुंह को खोलें रहें। ज्यादा लंबी सांस न लें ताकि पानी नाक के दूसरे छिद्र से निकलता रहे।
  • अब इसी प्रक्रिया को दूसरे नाक के छिद्र से भी करें और ऊपर बताई गई प्रक्रिया को दोहराएं। दोनों छेद से ये क्रिया करने के बाद सीधा खड़े हो जाएं। इस योग को करने से नाक के अंदर का बचा हुआ पानी और म्यूकस और बैक्टीरिया बाहर आ जाता है। जिसके बाद आपको सर्दी-जुकाम से राहत मिलती है।
लखनऊ। मौसम के बदलते ही आजकल लोग सर्दी-जुकाम खांसी, छींक और सर दर्द जैसी बीमारियों से परेशान दिख रहें हैं। इस तरह की समस्या में योग क्रिया पर आधारित नाक शोधन की क्रिया “जलनेति” बड़ी ही कारगर है। जलनेति क्रिया के माध्यम से नाक के अंदर तक सफाई होती है जिसकी वजह से सर्दी-जुकाम से होने वाले सारे लक्षणों में आराम मिल जाता है। अगर कोई व्यक्ति इस तरह की समस्याओं से परेशान है तो इस क्रिया को उपयोग कर सकता है।
ऐसे करें जलनेति क्रिया:
  • सबसे पहले आधा लीटर गुनगना पानी लेकर उसमें आधा चम्मच नमक मिलाएं और फिर जलनेति के बर्तन में पानी को रख दें।
  • इसके बाद जलनेति शुरु करने से पहले कागासन की अवस्था में बैठ जाएं।
  • दोनों पैरों के बीच में दो फीट की दूरी रखते हुए आगे की ओर झुकें। उस समय जिस नाक के छिद्र से सांस चल रही हो उसके दूसरी तरफ सिर को झुकाएं।
  • जलनेति के बर्तन से नाक के छिद्र में धीरे धीरे पानी डालना शुरु करें।
  • इस प्रक्रिया को करते समय मुंह को खोलें रहें। ज्यादा लंबी सांस न लें ताकि पानी नाक के दूसरे छिद्र से निकलता रहे।
  • अब इसी प्रक्रिया को दूसरे नाक के छिद्र से भी करें और ऊपर बताई गई प्रक्रिया को दोहराएं। दोनों छेद से ये क्रिया करने के बाद सीधा खड़े हो जाएं। इस योग को करने से नाक के अंदर का बचा हुआ पानी और म्यूकस और बैक्टीरिया बाहर आ जाता है। जिसके बाद आपको सर्दी-जुकाम से राहत मिलती है।