अगर आपके बच्चे सुस्त और पढ़ाई में हैं कमजोर, तो डाइट में करें ये चीज़ें शामिल

diet for dull or weak child
अगर आपके बच्चे सुस्त और पढ़ाई में हैं कमजोर तो उनके डाइट में करें ये चीज़ें शामिल

लखनऊ। आजकल ज़्यादातर बच्चे सुस्त और थके हुए रहते हैं जिसकी वजह है उनका रोज़ का खान-पान और उनकी रोज़ की गतिविधि जो उनकी पढ़ाई के साथ कई तरह की एक्टिविटी के बोझ से उन्हें थका देती है। ऐसे माता-पिता चाहते हैं कि बच्चे का क्लास में बेहतर प्रदर्शन हो मगर बच्चे इसमें नाकामयाब रहते हैं। ऐसे में चाहिए कि बच्चों की परफेक्ट डाइट पर माता-पिता खास ध्यान रखें। अगर आपका बच्चा भी सुस्त रहता है पढ़ाई में कमजोर है तो हम आपको बताएंगे कि उसके नियमित खानपान में क्या चीजें शामिल करें, जिससे उनका शारीरिक व मानसिक विकास तेजी से हो सके। आइये जानते हैं….

If Your Children Are Sluggish And Weak In Studies Then Include These Things In Their Diet :

केजीएमयू की डायटिशियन दीपिका अग्रवाल का कहना है कि ‘दो साल से लेकर 18 साल की उम्र तक भार व लंबाई तेजी से बढ़ते हैं। उम्र के इस दौर में बच्चों को पोषक तत्वों की विशेष आवश्यकता होती है। इस उम्र में बच्चों को अधिक ऊर्जा की जरूरत होती है। इसलिए उनके भोजन में कैलोरी की मात्रा को ध्यान में रखना जरूरी है। इसके लिए बच्चों के खाने में अनाज पर्याप्त मात्रा में होना चाहिए।’

बच्चे के विकास के लिए डाइट में शामिल करें प्रोटीन और फैट:

प्रोटीन: खाने में प्रोटीन की मात्रा बढ़ाने के लिए बच्चे को अंडे, दालें, नट्स, नॉनवेज में फिश और चिकन ज़रूर खिलाएं
फैट भी जरूरी है

फैट: बच्चे की बढ़ती उम्र के लिए में फैट की आवश्यकता भी ज़रूरी है। इसमें विटामिट A, E, D और K देना फायदेमंद होता है। ये आपके बच्चे की त्वचा, इम्यूनिटी, आंखों की रोशनी, एयूआर बालों की ग्रोथ के लिए फाएदेमंद होता है।

लखनऊ। आजकल ज़्यादातर बच्चे सुस्त और थके हुए रहते हैं जिसकी वजह है उनका रोज़ का खान-पान और उनकी रोज़ की गतिविधि जो उनकी पढ़ाई के साथ कई तरह की एक्टिविटी के बोझ से उन्हें थका देती है। ऐसे माता-पिता चाहते हैं कि बच्चे का क्लास में बेहतर प्रदर्शन हो मगर बच्चे इसमें नाकामयाब रहते हैं। ऐसे में चाहिए कि बच्चों की परफेक्ट डाइट पर माता-पिता खास ध्यान रखें। अगर आपका बच्चा भी सुस्त रहता है पढ़ाई में कमजोर है तो हम आपको बताएंगे कि उसके नियमित खानपान में क्या चीजें शामिल करें, जिससे उनका शारीरिक व मानसिक विकास तेजी से हो सके। आइये जानते हैं.... केजीएमयू की डायटिशियन दीपिका अग्रवाल का कहना है कि 'दो साल से लेकर 18 साल की उम्र तक भार व लंबाई तेजी से बढ़ते हैं। उम्र के इस दौर में बच्चों को पोषक तत्वों की विशेष आवश्यकता होती है। इस उम्र में बच्चों को अधिक ऊर्जा की जरूरत होती है। इसलिए उनके भोजन में कैलोरी की मात्रा को ध्यान में रखना जरूरी है। इसके लिए बच्चों के खाने में अनाज पर्याप्त मात्रा में होना चाहिए।'

बच्चे के विकास के लिए डाइट में शामिल करें प्रोटीन और फैट:

प्रोटीन: खाने में प्रोटीन की मात्रा बढ़ाने के लिए बच्चे को अंडे, दालें, नट्स, नॉनवेज में फिश और चिकन ज़रूर खिलाएं फैट भी जरूरी है फैट: बच्चे की बढ़ती उम्र के लिए में फैट की आवश्यकता भी ज़रूरी है। इसमें विटामिट A, E, D और K देना फायदेमंद होता है। ये आपके बच्चे की त्वचा, इम्यूनिटी, आंखों की रोशनी, एयूआर बालों की ग्रोथ के लिए फाएदेमंद होता है।