योगी सरकार को हाईकोर्ट की फटकार, आदेश के बावजूद IAS अफसरों पर क्यों नहीं हुई कार्रवाई

योगी सरकार को हाईकोर्ट की फटकार, आदेश के बावजूद IAS अफसरों पर क्यों नहीं हुई कार्रवाई
योगी सरकार को हाईकोर्ट की फटकार, आदेश के बावजूद IAS अफसरों पर क्यों नहीं हुई कार्रवाई

Illegal Mining Case Allahabad Hc Queastiond Yogi Govt On Suspension Of Two District Magistrates

लखनऊ। इलाहाबाद हाईकोर्ट ने योगी सरकार को कड़ी फटकार लगाई है। कोर्ट ने सरकार से पूछा है कि गोरखपुर के जिलाधिकारी राजीव रौतेला औऱ कानपुर देहात के जिलाधिकारी राकेश कुमार को आखिर क्यों सस्पेंड नहीं किया गया? दोनों जिलाधिकारी अवैध खनन को रोकने में नाकाम रहे। कोर्ट ने कहा है कि हाईकोर्ट की तरफ से 13 दिसम्बर को दोनों आईएएस अफसरों को सस्पेंड किये जाने के आदेश पर डेढ़ महीने बाद भी अमल नहीं होना गंभीर मामला है।

चीफ जस्टिस डीबी भोंसले और जस्टिस एमके गुप्ता की डिवीजन बेंच ने दोनों आईएएस अफसरों को फ़ौरन सस्पेंड कर हाईकोर्ट में रिपोर्ट दाखिल करने को कहा था। कोर्ट ने राज्य सरकार को 16 फरवरी तक आदेश पर अमल करने का भी आदेश दिया है। बता दें कि रामपुर के कोसी नदी में अवैध खनन मामले में तत्कालीन दो जिलाधिकारियों को सस्पेंड करने का आदेश 13 दिसम्बर को हाईकोर्ट ने राज्य सरकार को दिया था, लेकिन राज्य सरकार ने 17 जनवरी को सुनवाई के दौरान जांच पूरी न होने को लेकर कोर्ट से समय मांग लिया था। आईएएस राजीव रौतेला इन दिनों गोरखपुर व राकेश कुमार सिंह कानपुर देहात के डीएम हैं।

कोर्ट ने पूरे मामले में पुलिस व प्रशासन के अन्य अधिकारियों की भूमिका की भी जांच के बाद कार्रवाई का आदेश दिया है। याचिकाकर्ता मकसूद की याचिका पर चीफ जस्टिस की अध्यक्षता वाली डिवीजन बेंच सुनवाई कर रही है।

लखनऊ। इलाहाबाद हाईकोर्ट ने योगी सरकार को कड़ी फटकार लगाई है। कोर्ट ने सरकार से पूछा है कि गोरखपुर के जिलाधिकारी राजीव रौतेला औऱ कानपुर देहात के जिलाधिकारी राकेश कुमार को आखिर क्यों सस्पेंड नहीं किया गया? दोनों जिलाधिकारी अवैध खनन को रोकने में नाकाम रहे। कोर्ट ने कहा है कि हाईकोर्ट की तरफ से 13 दिसम्बर को दोनों आईएएस अफसरों को सस्पेंड किये जाने के आदेश पर डेढ़ महीने बाद भी अमल नहीं होना गंभीर मामला है। चीफ जस्टिस…