सुरक्षा को मद्देनजर रखते हुए तमिलनाडु में टू-व्हीलर के लिए लागू हुए ये नियम

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सुरक्षा को मद्देनजर रखते हुए तमिलनाडु में टू-व्हीलर के लिए लागू हुए ये नियम

नई दिल्ली। हेलमेट न पहनना तो मानो नौजवान पीढ़ी के लिए फैशन है। सुरक्षा को भी दरकिनारे करने वाले इन नौजवानों के लिए तमिलनाडु के ट्रांसपोर्ट कमिशनर ने टू-व्हीलर चालकों के संबंध में सराहनीय निर्देश जारी किया है, जिसके तहत नए वाहन की खरीद के समय हर ग्राहको को हेलमेट की आपूर्ति आरटीओ की ओर करने को कहा गया है। साथ ही हर माह के हेलमेट डिस्ट्रीब्यूशन की रिपोर्ट ट्रांसपोर्ट ऑफिस को देने का निर्देश दिया है। टू व्हीलर हेलमेट मैन्युफैक्चरर्स एसोसिएशन ने इस नए नियम का स्वागत किया है।

In View Of Security These Rules Which Have Been Implemented For Two Wheeler In Tamilnadu :

दरअसल, केंद्रीय मोटर वाहन अधिनियम के अनुसार, नियम 138 (4) (एफ) 1989, में कहा गया है कि दोपहिया वाहन की खरीद के समय, दोपहिया वाहन का निर्माता बीआईएस प्रमाणित हेलमेट की आपूर्ति करेगा। इस नियम के आधार पर तमिलनाडु के परिवहन विभाग नए दो पहिया वाहन की खरीद के समय खरीदार को हेलमेट की आपूर्ति अनिवार्य बनाया गया है, जिससे निश्चित रूप से सड़क दुर्घटनाओं में चोटों और मौतों में कमी आ सकती है।

HELMETS

बता दें, वर्ष 2018 में हुए सड़क हादसों के दौरान होने वाली मौतों में दोपहिया सवारों की मृत्यु दर 33 प्रतिशत से अधिक है। पुलिस, राजमार्ग, स्वास्थ्य और परिवहन जैसे संबंधित विभागों के विभिन्न प्रयासों के बावजूद ये संख्या काफी अधिक है।

वहीं, टू व्हीलर हेलमेट मैन्युफैक्चरर्स एसोसिएशन, इस समय काफी प्रोत्साहित है क्योंकि तमिलनाडु की राज्य सरकार ने एक ऐसी पहल की है जो वास्तव में दोपहिया चालकों और सवारों के लिए फायदेमंद है क्योंकि हेलमेट एक जीवन रक्षक उपकरण है। सबसे महत्वपूर्ण बात ये है कि सवारों को एक अच्छी गुणवत्ता और बीआईएस प्रमाणित हेलमेट का उपयोग करना चाहिए, और यह कदम निश्चित रूप से नकली आईएसआई हेलमेट की बिक्री में कमी ला सकता है जो स्थानीय बाजारों और फुटपाथों आदि पर उपलब्ध हैं।

नई दिल्ली। हेलमेट न पहनना तो मानो नौजवान पीढ़ी के लिए फैशन है। सुरक्षा को भी दरकिनारे करने वाले इन नौजवानों के लिए तमिलनाडु के ट्रांसपोर्ट कमिशनर ने टू-व्हीलर चालकों के संबंध में सराहनीय निर्देश जारी किया है, जिसके तहत नए वाहन की खरीद के समय हर ग्राहको को हेलमेट की आपूर्ति आरटीओ की ओर करने को कहा गया है। साथ ही हर माह के हेलमेट डिस्ट्रीब्यूशन की रिपोर्ट ट्रांसपोर्ट ऑफिस को देने का निर्देश दिया है। टू व्हीलर हेलमेट मैन्युफैक्चरर्स एसोसिएशन ने इस नए नियम का स्वागत किया है। दरअसल, केंद्रीय मोटर वाहन अधिनियम के अनुसार, नियम 138 (4) (एफ) 1989, में कहा गया है कि दोपहिया वाहन की खरीद के समय, दोपहिया वाहन का निर्माता बीआईएस प्रमाणित हेलमेट की आपूर्ति करेगा। इस नियम के आधार पर तमिलनाडु के परिवहन विभाग नए दो पहिया वाहन की खरीद के समय खरीदार को हेलमेट की आपूर्ति अनिवार्य बनाया गया है, जिससे निश्चित रूप से सड़क दुर्घटनाओं में चोटों और मौतों में कमी आ सकती है। HELMETS बता दें, वर्ष 2018 में हुए सड़क हादसों के दौरान होने वाली मौतों में दोपहिया सवारों की मृत्यु दर 33 प्रतिशत से अधिक है। पुलिस, राजमार्ग, स्वास्थ्य और परिवहन जैसे संबंधित विभागों के विभिन्न प्रयासों के बावजूद ये संख्या काफी अधिक है। वहीं, टू व्हीलर हेलमेट मैन्युफैक्चरर्स एसोसिएशन, इस समय काफी प्रोत्साहित है क्योंकि तमिलनाडु की राज्य सरकार ने एक ऐसी पहल की है जो वास्तव में दोपहिया चालकों और सवारों के लिए फायदेमंद है क्योंकि हेलमेट एक जीवन रक्षक उपकरण है। सबसे महत्वपूर्ण बात ये है कि सवारों को एक अच्छी गुणवत्ता और बीआईएस प्रमाणित हेलमेट का उपयोग करना चाहिए, और यह कदम निश्चित रूप से नकली आईएसआई हेलमेट की बिक्री में कमी ला सकता है जो स्थानीय बाजारों और फुटपाथों आदि पर उपलब्ध हैं।