डिजिटल ट्रांजेक्शन में धोखाधड़ी का शिकार हो रहा चार में से एक भारतीय: रिपोर्ट

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डिजिटल ट्रांजेक्शन में धोखाधड़ी का शिकार हो रहा चार में से एक भारतीय: रिपोर्ट

Indians 25 Higher Risks Financial Fraud

नई दिल्ली। देश में जितनी तेजी से डिजिटल सक्रियता बढ़ी है, उतने ही ज्यादा धोखाधड़ी के मामले सामने आने शुरू हो गए हैं। एक रिपोर्ट में इस बात का दावा किया गया है कि हर चार में से एक भारतीय ग्राहक वित्तीय धोखाधड़ी का शिकार बनता है। वैश्विक वित्तीय सूचना प्रदाता कंपनी एक्सपेरियन की रिपोर्ट में कहा गया है कि करीब 24 फीसद भारतीय ग्राहक ऑनलाइन ट्रांजेक्शन के दौरान धोखाधड़ी का शिकार होते हैं।

रिपोर्ट में कहा गया है कि टेलिकॉम सेक्टर में सबसे ज्यादा धोखाधड़ी (57 फीसद) के मामले सामने आते हैं। इसके बाद बैंक (54 फीसद) और रिटेलर्स (46 फीसद) सेक्टर का नाम आता है। औसतन डिजिटल लेनदने करने वाले 65 फीसदी लोगों ने मोबाइल के जरिए पेमेंट का ऑप्शन चुना है क्योंकि उन्हें ये सुविधाजनक दिखता है। भारत में सिर्फ 6 फीसदी ग्राहक अपने साझा किए गए डेटा को लेकर सुरक्षा या सतर्कता बरतते हैं।

रिपोर्ट में आगाह किया गया है कि इलेक्ट्रॉनिक्स और ट्रैवल मार्केटिंग कंपनियां यूजर्स के डेटा तैयार करती हैं और उनके जरिए ट्रांजेक्शन बढ़ता है। लेकिन इन सर्विसेज में ऑनलाइन धोखाधड़ी का जोखिम सबसे अधिक होता है। ये रिपोर्ट सलाहकार कंपनी आईडीसी के साथ मिलकर तैयार की गई है। बता दें कि अगर एशिया पैसिफिक की बात करें तो भारत में डिजिटल उपभोग सबसे ज्यादा है।

नई दिल्ली। देश में जितनी तेजी से डिजिटल सक्रियता बढ़ी है, उतने ही ज्यादा धोखाधड़ी के मामले सामने आने शुरू हो गए हैं। एक रिपोर्ट में इस बात का दावा किया गया है कि हर चार में से एक भारतीय ग्राहक वित्तीय धोखाधड़ी का शिकार बनता है। वैश्विक वित्तीय सूचना प्रदाता कंपनी एक्सपेरियन की रिपोर्ट में कहा गया है कि करीब 24 फीसद भारतीय ग्राहक ऑनलाइन ट्रांजेक्शन के दौरान धोखाधड़ी का शिकार होते हैं। रिपोर्ट में कहा गया है कि…