आउटसोर्सिंग से तकनीकी स्टाफ की भर्ती करेगा औद्योगिक विकास प्राधिकरण

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आउटसोर्सिंग से तकनीकी स्टाफ की भर्ती करेगा औद्योगिक विकास प्राधिकरण

लखनऊ। राजधानी से अन्य शहरों को जोड़ने वाले एक्सप्रेस वे के लिए उत्तर प्रदेश औद्योगिक विकास प्राधिकरण (यूपीडीए) एक्सप्रेस वे परियोजनाओं के लिए तकनीकी स्टाफ की भर्ती अब आउटसोर्सिंग के जरिए करेगा। इसके लिए जल्द चयन नीति बनाई जाएगी। फिलहाल महाप्रबंधक, प्रबंधक व अन्य तकनीकी पदों के लिए 74 स्थान रिक्त हैं।

Industrial Development Authority Will Recruit Technical Staff From Outsourcing :

दरअसल, इस समय में पूर्वांचल एक्सप्रेस वे का निर्माण लखनऊ से गाजीपुर तक तेजी से चल रहा है। इसे अगस्त 2020 तक यातायात के लिए खोल देने का लक्ष्य है। गोरखपुर लिंक एक्सप्रेस वे व प्रयागराज लिंक एक्सप्रेस वे बनने हैं। बुंदेलखंड एक्सप्रेस का भी निर्माण होना है। इसी तरह मेरठ से प्रयागराज तक गंगा एक्सप्रेस वे बनना है। डिफेंस कारीडोर का निर्माण भी होना है।

बता दें, पिछले दिनों सीएम को बताया गया कि दक्ष तकनीकी स्टाफ की भारी कमी है। सीएम को बताया गया कि इन सब प्रोजेक्ट को समय से पूरा करने के लिए जरूरी है कि तकनीकी स्टाफ पर्याप्त संख्या में हो। इस पर सीएम ने इन्हें आउटसोर्स करने पर सहमति दे दी। पहले यूपीडा ने लोक निर्माण विभाग से अपने यहां रिक्त पदों को भरने के लिए प्रतिनियुक्ति पर स्टाफ भेजने को कहा लेकिन बात नहीं बनी।

लखनऊ। राजधानी से अन्य शहरों को जोड़ने वाले एक्सप्रेस वे के लिए उत्तर प्रदेश औद्योगिक विकास प्राधिकरण (यूपीडीए) एक्सप्रेस वे परियोजनाओं के लिए तकनीकी स्टाफ की भर्ती अब आउटसोर्सिंग के जरिए करेगा। इसके लिए जल्द चयन नीति बनाई जाएगी। फिलहाल महाप्रबंधक, प्रबंधक व अन्य तकनीकी पदों के लिए 74 स्थान रिक्त हैं। दरअसल, इस समय में पूर्वांचल एक्सप्रेस वे का निर्माण लखनऊ से गाजीपुर तक तेजी से चल रहा है। इसे अगस्त 2020 तक यातायात के लिए खोल देने का लक्ष्य है। गोरखपुर लिंक एक्सप्रेस वे व प्रयागराज लिंक एक्सप्रेस वे बनने हैं। बुंदेलखंड एक्सप्रेस का भी निर्माण होना है। इसी तरह मेरठ से प्रयागराज तक गंगा एक्सप्रेस वे बनना है। डिफेंस कारीडोर का निर्माण भी होना है। बता दें, पिछले दिनों सीएम को बताया गया कि दक्ष तकनीकी स्टाफ की भारी कमी है। सीएम को बताया गया कि इन सब प्रोजेक्ट को समय से पूरा करने के लिए जरूरी है कि तकनीकी स्टाफ पर्याप्त संख्या में हो। इस पर सीएम ने इन्हें आउटसोर्स करने पर सहमति दे दी। पहले यूपीडा ने लोक निर्माण विभाग से अपने यहां रिक्त पदों को भरने के लिए प्रतिनियुक्ति पर स्टाफ भेजने को कहा लेकिन बात नहीं बनी।