न्याय के मंदिर में बाबू की काली करतूत हुई उजागर

जालौन: जहां पर लोग अपने न्याय की गुहार लगाने के लिए जाते है वहीं पर ईमानदार जजों की साख पर उन्हीं के अधीनस्थ बाबू ने जज के नाम से एक लाख चालीस हजार रूपये में केस से बरी कराने का ठेका लेकर पैसे ऐठते हुए बाबू का वीडियों बनाया गया जिसमें बाबू वीडियों बनते समझ गया। परन्तु अपने आप को न्यायालय में न्याय की मुखिया समझकर अमुख व्यक्ति से पैसे एक-एक हजार रूपये के नोट गिनते हुए बाबू को उस वीडियों में देखा जा सकता है।



प्राप्त जानकारी के अनुसार कोर्ट परिसर के गेट पर ही बैठकर कोर्ट का भूपेन्द्र सिंह नाम का बाबू बताया गया है। जिसमें जिस व्यक्ति को सजा बताकर केस में उलझाने एवं फांसी तक का प्रावधान बताकर कानूनी सलाह देकर डेढ़ लाख रूपये में केस को एक ईमानदार जज की साख पर बट्टा लगाने का कार्य उक्त बाबू मुलजिम बताकर हजारों में रूपये लेकर गिनता हुआ देखा गया है।

वहीं पर बौखलाया हुआ बाबू अपनी नौकरी बचाने के लिए एवं जज साहब की साख को साफ सुथरा बनाने के लिए प्रयास लाखों रूपये देकर करना चाहता था परन्तु अमुख व्यक्ति ने ऐसा समझौता न कर एवं मानवता का पाठ पढ़ाने की कोशिस की लेकिन उक्त भ्रष्ट, घूसखोर बाबू अपने आप को कानून का मसीहा मानकर कुछ दंबगों , दलालों एवं स्तम्भ के रसूखदारों को धमकी देकर कुछ दूर तक गया इसके बाद पुनः अकेला लौटकर पैसा देने का लालच दिया। इस लालच में अमुक व्यक्ति न आया तो उसको गाली-गलौच कर जान से मारने एवं किसी गलत केस में फसवा देने की गारन्टेड धमकी दे गया।



अब देखना यह है कि इस वीडियो के माध्यम से उस उक्त भ्रष्ट बाबू पर क्या कार्यवाही न्यायालय न्याय का मंदिर कहा जाने वाला क्या कार्यवाही करता है ? जिस मुवक्लि से पैसे लेकर काम कराने का ठेका लिया है जो कि मुवक्लि निहाहित सीधा एवं गरीब तबके का व्यक्ति बताया गया है जोकि निर्दोष था परन्तु समय के रहते उसको दोषी मान रहे है। उक्त बाबू जिससे उसको आर्थिक व मानसिक प्रताड़ित करने का कार्य किया गया है।

जालौन से सौरभ पांडेय की रिपोर्ट