राम माधव के कश्मीर दौरे से सियासत गर्म, बीजेपी जल्द बनाएगी सरकार

राम माधव के कश्मीर दौरे से सियासत गर्म, बीजेपी जल्द बनाएगी सरकार
राम माधव के कश्मीर दौरे से सियासत गर्म, बीजेपी जल्द बनाएगी सरकार

नई दिल्ली। बीजेपी महासचिव राम माधव के कश्मीर घाटी के दौरे के बाद जम्मू-कश्मीर में फिर से सरकार बनाने की अटकलें तेज हो गई हैं। राम माधव ने गुरुवार श्रीनगर में न सिर्फ भाजपा नेताओं बल्कि कई गैर भाजपा सियासतदानों व वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों से राज्य में अनुच्छेद 35ए के मुद्दे पर पैदा हुए हालात पर चर्चा की। भाजपा ने दौरे का कोई अधिकारिक बयान तो जारी नहीं किया है, लेकिन बताया जा रहा है कि अमरनाथ तीर्थयात्रा संपन्न होने के बाद भाजपा राज्य में फिर से सरकार बनाने की कवायद में जुटेगी।

Jammu Strategy Of Bjp For Government In Jammu And Kashmir :

सूत्रों के अनुसार, भाजपा, पीडीपी के साथ दोबारा गठजोड़ कर सकती है, लेकिन महबूबा मुफ्ती के बिना। इस विषय में राम माधव की प्रदेश भाजपा के वरिष्ठ नेताओं पूर्व उपमुख्यमंत्री कविंद्र गुप्ता, सत शर्मा, सुनील शर्मा, राजीव जसरोटिया और बाली भगत के साथ करीब ढाई घंटे मैराथन बैठक भी चली। सूत्रों के अनुसार, पीडीपी अध्यक्ष महबूबा मुफ्ती के नेतृत्व को लेकर भाजपा में मतभेद हैं। इसलिए अगर पीडीपी की तरफ से महबूबा के बिना कोई प्रस्ताव आता है तो उस पर आगे बात हो सकती है।

अगले महीने बन जाएगी सरकार!

बैठक में शामिल एक अन्य नेता ने कहा कि अगले महीने सरकार बन सकती है. हम बस अमरनाथ यात्रा खत्म होने का इंतजार कर रहे हैं। इस बैठक में पूर्व उपमुख्यमंत्री कविंदर गुप्ता और पूर्व मंत्री बाली भगत, सत शर्मा, सुनील शर्मा और राजीव जसरोटिया शामिल थे।

गौरतलब है कि जम्मू-कश्मीर विधानसभा फिलहाल निलंबित है। इसका छह साल का कार्यकाल मार्च 2021 में खत्म हो रहा है। राज्य विधानसभा में बीजेपी के 25, पीडीपी के 28, नेशनल कॉन्फ्रेंस के 15, कांग्रेस के 12 और पीपल्स कॉन्फ्रेंस के दो विधायक हैं। सीपीएम और पीडीएफ के एक-एक तथा तीन निर्दलीय विधायक हैं।

नई दिल्ली। बीजेपी महासचिव राम माधव के कश्मीर घाटी के दौरे के बाद जम्मू-कश्मीर में फिर से सरकार बनाने की अटकलें तेज हो गई हैं। राम माधव ने गुरुवार श्रीनगर में न सिर्फ भाजपा नेताओं बल्कि कई गैर भाजपा सियासतदानों व वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों से राज्य में अनुच्छेद 35ए के मुद्दे पर पैदा हुए हालात पर चर्चा की। भाजपा ने दौरे का कोई अधिकारिक बयान तो जारी नहीं किया है, लेकिन बताया जा रहा है कि अमरनाथ तीर्थयात्रा संपन्न होने के बाद भाजपा राज्य में फिर से सरकार बनाने की कवायद में जुटेगी।सूत्रों के अनुसार, भाजपा, पीडीपी के साथ दोबारा गठजोड़ कर सकती है, लेकिन महबूबा मुफ्ती के बिना। इस विषय में राम माधव की प्रदेश भाजपा के वरिष्ठ नेताओं पूर्व उपमुख्यमंत्री कविंद्र गुप्ता, सत शर्मा, सुनील शर्मा, राजीव जसरोटिया और बाली भगत के साथ करीब ढाई घंटे मैराथन बैठक भी चली। सूत्रों के अनुसार, पीडीपी अध्यक्ष महबूबा मुफ्ती के नेतृत्व को लेकर भाजपा में मतभेद हैं। इसलिए अगर पीडीपी की तरफ से महबूबा के बिना कोई प्रस्ताव आता है तो उस पर आगे बात हो सकती है।

अगले महीने बन जाएगी सरकार!

बैठक में शामिल एक अन्य नेता ने कहा कि अगले महीने सरकार बन सकती है. हम बस अमरनाथ यात्रा खत्म होने का इंतजार कर रहे हैं। इस बैठक में पूर्व उपमुख्यमंत्री कविंदर गुप्ता और पूर्व मंत्री बाली भगत, सत शर्मा, सुनील शर्मा और राजीव जसरोटिया शामिल थे।गौरतलब है कि जम्मू-कश्मीर विधानसभा फिलहाल निलंबित है। इसका छह साल का कार्यकाल मार्च 2021 में खत्म हो रहा है। राज्य विधानसभा में बीजेपी के 25, पीडीपी के 28, नेशनल कॉन्फ्रेंस के 15, कांग्रेस के 12 और पीपल्स कॉन्फ्रेंस के दो विधायक हैं। सीपीएम और पीडीएफ के एक-एक तथा तीन निर्दलीय विधायक हैं।