सीसीटीवी कैमरों से लैस होगा झलकारीबाई अस्पताल, धनउगाही पर लगेगा विराम

लखनऊ: उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ के हजरतगंज स्थित वीरांगना झलकारीबाई अस्पताल इस माह के अंत तक सीसीटीवी कैमरों से लैस हो जाएगा। अस्पताल प्रशासन के इस निर्णय से मरीज व डाक्टरों के बीच विवाद और पैरामेडिकल स्टाफ द्वारा बच्चे के जन्म पर शुकराना के नाम पर धनउगाही करने वाले आरोपों पर विराम लगेगा। सीसीटीवी कैमरे अस्पताल के मुख्य द्वार,वार्ड, जांच कक्ष के बाहर सहित अन्य स्थानों पर लगाया जाएगा। इन कैमरों का डिस्प्ले मॉनिटरिंग अस्पताल के मुख्य चिकित्सा अधीक्षक करेंगे।




उल्लेखनीय है कि अस्पताल की ओपीडी व इनडोर ओपीडी में रोजाना चार सौ से अधिक मरीज आते हैं। वहीं सिजेरियन व नार्मल डिलीवरी मिलकर छह से दस केस होते हैं। अक्सर मरीज या तीमारदार हंगामा करते हैं कभी पैसे मांगने का आरोप तो कभी डाक्टर पर मरीज न देखने का आरोप लगाते हैं। कई मामलों में अस्पताल प्रशासन कार्रवाई नहीं करता है, क्योंकि उसके पास पर्याप्त सबूत नहीं होते हैं। वहीं मरीज के परिजन भी डाक्टर से अभद्रता व तोड़फोड़ करते हैं। सबूत के अभाव में मेडिकल प्रोटेक्शन एक्ट से तहत कार्रवाई नहीं हो पाती है।




पिछले कई सालों से अस्पताल से महत्वपूर्ण सामान, फर्नीचर और दवाएं भी गायब हो गयीं। अब इन मामलों पर भी सीसीटीवी कैमरों से नजर रखी जाएगी। अस्पताल के मुख्य चिकित्सा अधीक्षक डा. पीके टंडन ने बताया कि सीसीटीवी कैमरों से अस्पताल की भी सुरक्षा बढ़ेगी। इस महीने के अंत तक कुल मिलाकर दस कैमरे लगाए जाएंगे।