जिलों में स्थापित होंगे डिजाइन सेंटर: डा0 नवनीत सहगल

navneet sahgal
जिलों में स्थापित होंगे डिजाइन सेंटर: डा0 नवनीत सहगल

लखनऊ। प्रदेश के प्रमुख सचिव, सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्यम विभाग नवनीत सहगल ने कहा कि एक जनपद-एक उत्पाद (ओ0डी0ओ0पी0) कार्यक्रम के तहत चिन्हित विशिष्ट उत्पादों की कमियों एवं गैप्स को दूर करने लिए सभी जिलों में कम से कम एक-एक सामान्य सुविधा केन्द्र (सी0एफ0सी0) स्थापित कराने की योजना है। उन्होंने कहा कि कारीगरों को उत्कृष्ट डिजाइन सुलभ कराने पर विशेष बल दिया गया है, इसके लिए जिलों में डिजाइन सेंटर भी स्थापित कराये जायेंगे। उन्होंने जिले के सभी अधिकारियों को इससे संबंधित सूचना शीघ्र उपलब्ध कराने के भी निर्देश दिए।

Jilo Me Sthapit Hoge Design Center Navneet Sahgal :

सहगल कैसर बाग स्थित निर्यात प्रोत्साहन केन्द्र में ओ0डी0ओ0पी0 कार्यक्रम की समीक्षा कर रहे थे। उन्होंने कहा कि जनपदों के चिन्हित विशिष्ट उत्पादों के उत्पादन से लेकर विपणन तक के समस्त अवयवों यथा कच्चा माल, डिजाइन, उत्पादन प्रक्रिया, गुणवत्ता सुधार, अनुसंधान एवं विकास, पर्यावरण, उर्जा संरक्षण तथा पैकेजिंग आदि की सुविधा प्रदान करने के लिए सभी जिलों में सी0एफ0सी0 स्थापित किये जायेंगे।

प्रमुख सचिव ने कहा कि 3पी के तहत स्थापित होने वाले सामान्य सुविधा केन्द्रों के लिए राज्य सरकार 90 प्रतिशत अनुदान देगी। सभी जिलों में सी0एफ0सी0 की स्थापना हेतु एजेन्सी के माध्यम से बेसलाइन सर्वे कराया जा रहा है। ये एजेन्सियां लोगों और संस्थाओं के बीच जाकर ओ0डी0ओ0पी0 उत्पादों के सभी पहलुओं का अध्ययन करके अपनी रिपोर्ट प्रस्तुत करेंगी। अभी तक 06 डी0एस0आर0 प्राप्त हुई है, इस पर कार्य चल रहा है। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिये प्राप्त डी0एस0आर0 के अनुसार सी0एफ0सी0 की स्थापना पर वरीयता दी जाय। साथ ही अन्य जनपदों से भी जल्द से जल्द डी0एस0आर0 प्राप्त करने की कार्यवाही की जाये।

सहगल ने कहा कि सामान्य सुविधा केन्द्रों के माध्यम से टेस्टिंग लैब, डिजाइन डेवलपमेंट एण्ड ट्रेनिंग सेंटर, तकनीक अनुसंधान एवं विकास केन्द्र, उत्पादन प्रदर्शन सह विक्रय केन्द्र, राॅ-मैटिरियल बैंक/कामन रिसोर्स सेंटर, कामन प्रोडक्शन/प्रोसेसिंग सेंटर, सामान्य लाजिस्टिक सेंटर सूचना संग्रह विशलेषण एवं प्रसारण केन्द्र तथा पैकेजिंग, लेबलिंग एवं बारकोडिंग की सुविधाएं उपलब्ध कराई जायेंगी। सामान्य सुविधा केन्द्रों की स्थापना, संचालन एवं रख-रखाव एस0पी0वी0 (स्पेशल पर्पज व्हीकल) द्वारा किया जायेगा। इन केन्द्रों की स्थापना हेतु 15 करोड़ रुपये तक की परियोजनाएं ली जायेंगी। लागत का 10 प्रतिशत एस0पी0वी0 द्वारा तथा शेष 90 फीसदी राशि राज्य सरकार वहन करेगी।

लखनऊ। प्रदेश के प्रमुख सचिव, सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्यम विभाग नवनीत सहगल ने कहा कि एक जनपद-एक उत्पाद (ओ0डी0ओ0पी0) कार्यक्रम के तहत चिन्हित विशिष्ट उत्पादों की कमियों एवं गैप्स को दूर करने लिए सभी जिलों में कम से कम एक-एक सामान्य सुविधा केन्द्र (सी0एफ0सी0) स्थापित कराने की योजना है। उन्होंने कहा कि कारीगरों को उत्कृष्ट डिजाइन सुलभ कराने पर विशेष बल दिया गया है, इसके लिए जिलों में डिजाइन सेंटर भी स्थापित कराये जायेंगे। उन्होंने जिले के सभी अधिकारियों को इससे संबंधित सूचना शीघ्र उपलब्ध कराने के भी निर्देश दिए। सहगल कैसर बाग स्थित निर्यात प्रोत्साहन केन्द्र में ओ0डी0ओ0पी0 कार्यक्रम की समीक्षा कर रहे थे। उन्होंने कहा कि जनपदों के चिन्हित विशिष्ट उत्पादों के उत्पादन से लेकर विपणन तक के समस्त अवयवों यथा कच्चा माल, डिजाइन, उत्पादन प्रक्रिया, गुणवत्ता सुधार, अनुसंधान एवं विकास, पर्यावरण, उर्जा संरक्षण तथा पैकेजिंग आदि की सुविधा प्रदान करने के लिए सभी जिलों में सी0एफ0सी0 स्थापित किये जायेंगे। प्रमुख सचिव ने कहा कि 3पी के तहत स्थापित होने वाले सामान्य सुविधा केन्द्रों के लिए राज्य सरकार 90 प्रतिशत अनुदान देगी। सभी जिलों में सी0एफ0सी0 की स्थापना हेतु एजेन्सी के माध्यम से बेसलाइन सर्वे कराया जा रहा है। ये एजेन्सियां लोगों और संस्थाओं के बीच जाकर ओ0डी0ओ0पी0 उत्पादों के सभी पहलुओं का अध्ययन करके अपनी रिपोर्ट प्रस्तुत करेंगी। अभी तक 06 डी0एस0आर0 प्राप्त हुई है, इस पर कार्य चल रहा है। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिये प्राप्त डी0एस0आर0 के अनुसार सी0एफ0सी0 की स्थापना पर वरीयता दी जाय। साथ ही अन्य जनपदों से भी जल्द से जल्द डी0एस0आर0 प्राप्त करने की कार्यवाही की जाये। सहगल ने कहा कि सामान्य सुविधा केन्द्रों के माध्यम से टेस्टिंग लैब, डिजाइन डेवलपमेंट एण्ड ट्रेनिंग सेंटर, तकनीक अनुसंधान एवं विकास केन्द्र, उत्पादन प्रदर्शन सह विक्रय केन्द्र, राॅ-मैटिरियल बैंक/कामन रिसोर्स सेंटर, कामन प्रोडक्शन/प्रोसेसिंग सेंटर, सामान्य लाजिस्टिक सेंटर सूचना संग्रह विशलेषण एवं प्रसारण केन्द्र तथा पैकेजिंग, लेबलिंग एवं बारकोडिंग की सुविधाएं उपलब्ध कराई जायेंगी। सामान्य सुविधा केन्द्रों की स्थापना, संचालन एवं रख-रखाव एस0पी0वी0 (स्पेशल पर्पज व्हीकल) द्वारा किया जायेगा। इन केन्द्रों की स्थापना हेतु 15 करोड़ रुपये तक की परियोजनाएं ली जायेंगी। लागत का 10 प्रतिशत एस0पी0वी0 द्वारा तथा शेष 90 फीसदी राशि राज्य सरकार वहन करेगी।