पुरानी करेंसी बदलने के चक्कर में ठुकेगा 500 करोड़ का जुर्माना

पुरानी करेंसी, 500 करोड़ का जुर्माना
पुरानी करेंसी बदलने के चक्कर में ठुकेगा 500 करोड़ का जुर्माना

लखनऊ। कानपुर में मंगलवार को करीब 100 करोड़ की पुरानी करेंसी नोट बरामद होने की खबर ने खूब सुर्खियां बटोरीं। बुधवार दोपहर तक रकम की गिनती होने के बाद स्पष्ट हुआ कि कथित बिल्डर आनंद खत्री के ठिकानों से बरामद हुई रकम 97 करोड़ थी। ​जिसे आयकर विभाग की टीम ने जब्त कर लिया है।

नोटबंदी के 14 महीने बाद देश में हुई पुरानी करेंसी की सबसे बड़ी बरामदगी के रूप में सामने आई इस रकम के मालिक को क्या सजा मिलेगी यह अपने आप में बड़ा सवाल है। लेकिन इतना तय माना जा रहा है कि अगर उसने इस रकम के असली मालिकों का सही पता नहीं बताया तो जुर्माने के 500 करोड़ रुपए उसे खुद ही चुकाने पड़ेंगे।

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मिली जानकारी के मुताबिक आनंद खत्री लंबे समय से केन्द्रीय एजेंसी की नजर में था। वह पिछले कई महीनों से करेंसी एक्सचेंज के कारोबार में लगा हुआ था। उसके तार हैदाराबाद, कोलकाता और वाराणसी से जुड़े हुए हैं। जहां से वह इस नेटवर्क को ​कानपुर में बैठकर आॅपरेट कर रहा था।

आनंद खत्री के साथ 13 अन्य लोगों को भी इसी सिलसिले में हिरासत में लिया गया है। बताया जा रहा है कि ये लोग रकम को एक शहर से दूसरे शहर ले जाने में खत्री की मदद किया करते थे। इस गिरोह पर एटीएस की नजर बनी हुई थी। एटीएस इस बात की पुष्टि करने में लगी थी कि क्या इस गिरोह का कोई आतंकी कनेक्शन है। जब ​एटीएस को इस गिरोह का कोई आतंकी कनेक्शन नजर नहीं आया तो इस गिरोह का इनपुट आयकर विभाग को दिया गया।

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