श्रीकृष्ण जन्माष्टमी 2018: भाग्य चमकाने के लिए करें ये उपाय

Krishna janmashtami
श्रीकृष्ण जन्माष्टमी 2018: भाग्य चमकाने के लिए करें ये उपाय

लखनऊ। भगवान श्री कृष्ण के जन्म के उपलक्ष्य में श्रीकृष्ण जन्माष्टमी का त्योहार मनाया जाता है। पुराणों के मुताबिक भगवान श्री कृष्ण ने भाद्रपद मास के कृष्ण पक्ष की अष्टमी तिथि को अवतार लिया था। इसके बाद से इस दिन को कृष्ण जन्माष्टमी के रूप में मनाया जाने लगा। इस दिन व्रत आदि कर रात 12 बजे कान्हा का जन्मोत्सव मनाया जाता है। ऐसे में अगर आप कुछ उपाय करते हैं तो आपके व्रत का फल कई और गुना बढ़ जाता है। जिससे आपको सौभाग्य की प्राप्ति होती है।

Krishna Janmashtami 2018 :

धन की कमी दूर करने के लिए

इस दिन गरीबों में या फिर किसी धार्मिक स्थल पर जाकर फल और अनाज दान करना चाहिए।
पंडित को भोजन भी कराएं। ऐसा करने से आपके घर में

आर्थिक स्थिति में सुधार के लिए

श्रीकृष्ण जन्माष्टमी के मौके पर कान्हा के बाल स्वरूप की मूर्ति पर शंख में दूध डालकर अभिषेक करें। इसके बाद कान्हा के साथ ही मां लक्ष्मी का भी पूजन करें।
पूजा के समय पीले कपड़े में 11 कौड़ियां बांधकर रख दें। इसके बाद कृष्ण और लक्ष्मी पूजन करें। इसके बाद इस पोटली को तिजोरी में रख दें।
जन्माष्टमी पर जब आप कृष्ण पूजन करें तो उस समय कुछ सिक्के पूजा स्थल पर रख दें और उसके बाद पूजा करें। पूजा समाप्त होते ही इन सिक्कों को अपने पर्स में रख दें। ऐसा करने से लक्ष्मी जी का आशीर्वाद प्राप्त होगा।

तुलसी के वृक्ष पर लाल चुनरी ओढ़ा दें उनके बाद वहां पास में घी का दीपक जाएंगे फिर “ॐ वासुदेवाय नम:” का जाप करें। ऐसा करने से आपकी सारी परेशानियां दूर हो जाएंगी।

लखनऊ। भगवान श्री कृष्ण के जन्म के उपलक्ष्य में श्रीकृष्ण जन्माष्टमी का त्योहार मनाया जाता है। पुराणों के मुताबिक भगवान श्री कृष्ण ने भाद्रपद मास के कृष्ण पक्ष की अष्टमी तिथि को अवतार लिया था। इसके बाद से इस दिन को कृष्ण जन्माष्टमी के रूप में मनाया जाने लगा। इस दिन व्रत आदि कर रात 12 बजे कान्हा का जन्मोत्सव मनाया जाता है। ऐसे में अगर आप कुछ उपाय करते हैं तो आपके व्रत का फल कई और गुना बढ़ जाता है। जिससे आपको सौभाग्य की प्राप्ति होती है।धन की कमी दूर करने के लिएइस दिन गरीबों में या फिर किसी धार्मिक स्थल पर जाकर फल और अनाज दान करना चाहिए। पंडित को भोजन भी कराएं। ऐसा करने से आपके घर मेंआर्थिक स्थिति में सुधार के लिएश्रीकृष्ण जन्माष्टमी के मौके पर कान्हा के बाल स्वरूप की मूर्ति पर शंख में दूध डालकर अभिषेक करें। इसके बाद कान्हा के साथ ही मां लक्ष्मी का भी पूजन करें। पूजा के समय पीले कपड़े में 11 कौड़ियां बांधकर रख दें। इसके बाद कृष्ण और लक्ष्मी पूजन करें। इसके बाद इस पोटली को तिजोरी में रख दें। जन्माष्टमी पर जब आप कृष्ण पूजन करें तो उस समय कुछ सिक्के पूजा स्थल पर रख दें और उसके बाद पूजा करें। पूजा समाप्त होते ही इन सिक्कों को अपने पर्स में रख दें। ऐसा करने से लक्ष्मी जी का आशीर्वाद प्राप्त होगा।तुलसी के वृक्ष पर लाल चुनरी ओढ़ा दें उनके बाद वहां पास में घी का दीपक जाएंगे फिर “ॐ वासुदेवाय नम:” का जाप करें। ऐसा करने से आपकी सारी परेशानियां दूर हो जाएंगी।