द ताशकंद फाइल्स: पूर्व पीएम शास्‍त्री के पोतों ने जताई आपत्ति, भेजा नोटिस

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द ताशकंद फाइल्स: पूर्व पीएम शास्‍त्री के पोतों ने जताई आपत्ति, भेजा नोटिस

मुंबई। विवेक ओबेरॉय की फिल्म ‘पीएम नरेंद्र मोदी’ के बाद कांग्रेस ने एक और फिल्म ‘द ताशकंद फाइल्स’ की रिलीज पर भी आपत्ति जताई है। फिल्म इसी हफ्ते 12 अप्रैल को रिलीज हो रही है।

Lal Bahadur Shastri Grandsons Send Legal Notice To The Tashkent Files Makers :

पूर्व प्रधानमंत्री लाल बहादुर शास्त्री के पोतों ने फिल्म की रिलीज के खिलाफ निर्माताओं को लीगल नोटिस भेजा है। भारत-पाकिस्तान के बीच 1965 युद्ध की समाप्ति पर दोनों देशों के बीच हुए ताशकंद समझौते के तुरंत बाद 1966 में लाल बहादुर शास्त्री का रहस्यमयी परिस्थितियों में निधन हो गया था। यह फिल्म इसी पर आधारित है। 

विवेक ने बताया कि हमें देर रात फिल्म की रिलीज पर रोक लगाने की मांग करने वाला कानूनी नोटिस मिला। तीन दिन पहले ही हमने दिल्ली में फिल्म की स्क्रीनिंग की थी, जिसमें उन्होंने (शास्त्री के पौत्र) फिल्म देखी थी और उन्हें फिल्म पसंद भी आई थी व उन्होंने उसकी तारीफ भी की थी।

उन्होंने कहा, ‘मुझे नहीं पता कि क्या हुआ, लेकिन मुझे ऐसा लग रहा है कि कांग्रेस के शीर्ष परिवार से किसी ने उन्हें हमें कानूनी नोटिस भेजने के लिए उकसाया है। यह कोई प्रोपगेंडा फिल्म नहीं है. मुझे नहीं पता कि लोगों को फिल्म से क्या दिक्कत है।’

मेकर्स को मिला कानूनी नोटिस 

विवेक ने कहा, ‘मैंने अभी नोटिस का जवाब नहीं दिया है। मैं संवाददाता सम्मेलन करने की योजना बना रहा हूं। इसमें यह आरोप लगाया गया है कि फिल्म अनुचित और अनावश्यक विवाद पैदा करने की कोशिश कर रही है। 

इसके साथ ही फिल्म समाज के एक बड़े वर्ग की भावनाओं को आहत भी करेगी। फिल्म को शुक्रवार को रिलीज करने की योजना है। इस फिल्म में नसीरुद्दीन शाह, पल्लवी जोशी, श्वेता बसु, पंकज त्रिपाठी, मिथुन चक्रवर्ती और विनय पाठक प्रमुख भूमिकाओं में हैं।

मुंबई। विवेक ओबेरॉय की फिल्म 'पीएम नरेंद्र मोदी' के बाद कांग्रेस ने एक और फिल्म 'द ताशकंद फाइल्स' की रिलीज पर भी आपत्ति जताई है। फिल्म इसी हफ्ते 12 अप्रैल को रिलीज हो रही है।

पूर्व प्रधानमंत्री लाल बहादुर शास्त्री के पोतों ने फिल्म की रिलीज के खिलाफ निर्माताओं को लीगल नोटिस भेजा है। भारत-पाकिस्तान के बीच 1965 युद्ध की समाप्ति पर दोनों देशों के बीच हुए ताशकंद समझौते के तुरंत बाद 1966 में लाल बहादुर शास्त्री का रहस्यमयी परिस्थितियों में निधन हो गया था। यह फिल्म इसी पर आधारित है। 

विवेक ने बताया कि हमें देर रात फिल्म की रिलीज पर रोक लगाने की मांग करने वाला कानूनी नोटिस मिला। तीन दिन पहले ही हमने दिल्ली में फिल्म की स्क्रीनिंग की थी, जिसमें उन्होंने (शास्त्री के पौत्र) फिल्म देखी थी और उन्हें फिल्म पसंद भी आई थी व उन्होंने उसकी तारीफ भी की थी।

उन्होंने कहा, 'मुझे नहीं पता कि क्या हुआ, लेकिन मुझे ऐसा लग रहा है कि कांग्रेस के शीर्ष परिवार से किसी ने उन्हें हमें कानूनी नोटिस भेजने के लिए उकसाया है। यह कोई प्रोपगेंडा फिल्म नहीं है. मुझे नहीं पता कि लोगों को फिल्म से क्या दिक्कत है।'

मेकर्स को मिला कानूनी नोटिस 

विवेक ने कहा, 'मैंने अभी नोटिस का जवाब नहीं दिया है। मैं संवाददाता सम्मेलन करने की योजना बना रहा हूं। इसमें यह आरोप लगाया गया है कि फिल्म अनुचित और अनावश्यक विवाद पैदा करने की कोशिश कर रही है। 

इसके साथ ही फिल्म समाज के एक बड़े वर्ग की भावनाओं को आहत भी करेगी। फिल्म को शुक्रवार को रिलीज करने की योजना है। इस फिल्म में नसीरुद्दीन शाह, पल्लवी जोशी, श्वेता बसु, पंकज त्रिपाठी, मिथुन चक्रवर्ती और विनय पाठक प्रमुख भूमिकाओं में हैं।