ब्लैक मनी वालों के लिए मोदी सरकार ने खोला नया रास्ता

नई दिल्ली। 1000 और 500 रुपए के नोटों पर बंदी लगाकर ब्लैक मनी के जमाखोरों के लिए मोदी सरकार ने तमाम रास्ते बंद कर दिए थे। अचान से आए नोटबंदी के फैसले के बाद ब्लैक मनी रखने वालों की बढ़ी परेशानी को देखते हुए एक नया रास्ता खोल दिया है। जिसके जरिए ब्लैक मनी को व्हाइट किया जा सकेगा। यह आखिरी रास्ता कुछ दिनों के लिए ही खुलेगा, जिसके बाद ब्लैक मनी केवल रद्दी बनकर रह जाएगी।




केन्द्र सरकार ने ब्लैक मनी रखने वालों के सामने केन्द्र सरकार ने शर्त रखी है कि वे अपनी ब्लैक मनी आयकर विभाग के सामने दिखाकर 50 प्रतिशत आयकर चुकाकर व्हाइट कर सकते हैं। इसके ​एवज में ब्लैक मनी रखने वालों को 50 प्रतिशत हिस्सा घोषित आय के रूप में मिल जाएगा। टैक्स के रूप में बसूली गई रकम को गरीब कल्याण कोष में जमा करवाया जाएगा।

इस सेटलमेंट में एक शर्त ये भी होगी कि ब्लैक मनी के बदले मिलने वाली 50 फीसदी रकम में से केवल 50 प्रतिशत यानी कुल ब्लैक मनी का 25 प्रतिशत हिस्सा ही ब्लैक मनी रखने वाले को प्रयोग में लाने को मिलेगा, जबकि शेष रकम 4 सालों के लिए बैंक में बिना किसी ब्याज के बंधक रहेगी।




इसके साथ ही सरकार ने कहा है कि अगर इस दौरान अगर किसी के पास ब्लैक मनी पकड़ी जाती है तो उसे 60 फीसदी आयकर के अलावा 30 प्रतिशत जुर्माना और सजा भुगतनी पड़ेगी। यह राहत केवल 30 दिसंबर तक लागू रहेगी। जिसके बाद ब्लैक मनी रद्दी हो जाएगी।