सफाई के नाम पर नगर निगम के राजस्व पर डाल रहे डाका, 11 करोड़ खर्च के बाद भी गंदगी से जूझ रहा शहर

nagr nigam
सफाई के नाम पर नगर निगम के राजस्व पर डाल रहे डाका, 11 करोड़ खर्च के बाद भी गंदगी से जूझ रहा शहर

लखनऊ। राजधानी लखनऊ की सफाई व्यवस्था सिर्फ कागजों में ही साफ है। हर महीने 11 करोड़ खर्च के बाद भी गलियों से लेकर सड़कों तक कूड़े का अंबार लगा हुआ है। शहर की सफाई व्यवस्था को लेकर हाईकोर्ट ने भी कड़ी नराजगी जाहिर की थी। बावजूद इसके नगर निगम सफाई सफाई व्यवस्था को लेकर बेखबर है। सूत्रों की माने तो नगर निगम के अधिकारियों से मिलीभगत कर आउट सोर्सिंग कंपनियां लाखों की लूट खसोट कर रही हैं। यह सिर्फ कागजों में कर्मचारियों को दिखाकर विभाग से भुगतान वसूल रहे हैं।

Lucknow Is Not Being Cleaned After Spending Crores Of Rupees :

राजधानी लखनऊ में करीब 10 हजार सफाई कर्मचारी हैं। सफाई व्यवस्था को लेकर करीब 11 करोड़ रुपये महीने का खर्च किया जा रहा है। राजधानी के वीवीआईपी इलाकों को छोड़कर हर तरफ सड़कों पर गंदगी फैली है, जिसके कारण कई बीमारियां भी फैल रही हैं लेकिन नगर निगम कागजों में राजधानी की सफाई व्यवस्था को दुरूस्त कर रहा है। सूत्रों की माने तो विभाग के अधिकारी सफाई के नाम पर आउट सोर्सिंग से करीब 6500 सफाई कर्मचारी रखकर लाखों रुपये लूट खसोट रहे हैं।

दरअसल नगर निगम के पास स्थाई और संविदा कर्मी मिलाकर करीब 3000 सफाई कर्मचारी हैं। शहर को साफ रखने का ज्यादातर जिम्मा इन्हीं के पास है। वहीं जबकि आउट सोर्सिंग के ज्यादातर कर्मचारी सिर्फ कागजों में हैं। कागजों में नाम पर आउट सोर्सिंग की यह कंपनियां प्रतिमाह पौने पांच करोड़ रुपए के वारे न्यारे कर रही हैं। इसकी जानकारी होने के बाद भी विभाग के आलाधिकारी खामोश हैं। वहीं शहर में सफाई व्यवस्था को लेकर हाईकोर्ट ने भी कड़ी नाराजगी जतायी है। उच्च न्यायालय ने नगर निगम को शहर की सफाई व्यवस्था दुरुस्त करने का निर्देश दिया है।

आउट सोर्सिंग के नाम पर हो रहा खेल
नगर निगम में आउट सोर्सिंग के नाम नाम पर बड़ा खेल हो रहा है। मौजूदा समय में 2100 स्थाई और 902 संविदा सफाई कर्मी हैं। वहीं 6500 आउट सोर्सिंग से रखे गए सफाई कर्मी हैं। सूत्रों की माने तो आउट सोर्सिंग के नाम पर विभाग से मिलीभगत कर कंपनियां करोड़ों का खेल कर रही हैं लेकिन विभाग इसको लेकर खामोश बना हुआ है।

नगर आयुक्त ने बढ़ाए तीन हजार आउट सोर्सिंग कर्मी
आउट सोर्सिंग के नाम पर हो रहे खेल को रोकने की बजाए इसे और बढ़ावा दिया जा रहा है। नगर आयुक्त ने कुर्सी संभालने के बाद करीब तीन हजार आउट सो​र्सिंग के कर्मचारी बढ़ा दिये।

लखनऊ। राजधानी लखनऊ की सफाई व्यवस्था सिर्फ कागजों में ही साफ है। हर महीने 11 करोड़ खर्च के बाद भी गलियों से लेकर सड़कों तक कूड़े का अंबार लगा हुआ है। शहर की सफाई व्यवस्था को लेकर हाईकोर्ट ने भी कड़ी नराजगी जाहिर की थी। बावजूद इसके नगर निगम सफाई सफाई व्यवस्था को लेकर बेखबर है। सूत्रों की माने तो नगर निगम के अधिकारियों से मिलीभगत कर आउट सोर्सिंग कंपनियां लाखों की लूट खसोट कर रही हैं। यह सिर्फ कागजों में कर्मचारियों को दिखाकर विभाग से भुगतान वसूल रहे हैं। राजधानी लखनऊ में करीब 10 हजार सफाई कर्मचारी हैं। सफाई व्यवस्था को लेकर करीब 11 करोड़ रुपये महीने का खर्च किया जा रहा है। राजधानी के वीवीआईपी इलाकों को छोड़कर हर तरफ सड़कों पर गंदगी फैली है, जिसके कारण कई बीमारियां भी फैल रही हैं लेकिन नगर निगम कागजों में राजधानी की सफाई व्यवस्था को दुरूस्त कर रहा है। सूत्रों की माने तो विभाग के अधिकारी सफाई के नाम पर आउट सोर्सिंग से करीब 6500 सफाई कर्मचारी रखकर लाखों रुपये लूट खसोट रहे हैं। दरअसल नगर निगम के पास स्थाई और संविदा कर्मी मिलाकर करीब 3000 सफाई कर्मचारी हैं। शहर को साफ रखने का ज्यादातर जिम्मा इन्हीं के पास है। वहीं जबकि आउट सोर्सिंग के ज्यादातर कर्मचारी सिर्फ कागजों में हैं। कागजों में नाम पर आउट सोर्सिंग की यह कंपनियां प्रतिमाह पौने पांच करोड़ रुपए के वारे न्यारे कर रही हैं। इसकी जानकारी होने के बाद भी विभाग के आलाधिकारी खामोश हैं। वहीं शहर में सफाई व्यवस्था को लेकर हाईकोर्ट ने भी कड़ी नाराजगी जतायी है। उच्च न्यायालय ने नगर निगम को शहर की सफाई व्यवस्था दुरुस्त करने का निर्देश दिया है। आउट सोर्सिंग के नाम पर हो रहा खेल नगर निगम में आउट सोर्सिंग के नाम नाम पर बड़ा खेल हो रहा है। मौजूदा समय में 2100 स्थाई और 902 संविदा सफाई कर्मी हैं। वहीं 6500 आउट सोर्सिंग से रखे गए सफाई कर्मी हैं। सूत्रों की माने तो आउट सोर्सिंग के नाम पर विभाग से मिलीभगत कर कंपनियां करोड़ों का खेल कर रही हैं लेकिन विभाग इसको लेकर खामोश बना हुआ है। नगर आयुक्त ने बढ़ाए तीन हजार आउट सोर्सिंग कर्मी आउट सोर्सिंग के नाम पर हो रहे खेल को रोकने की बजाए इसे और बढ़ावा दिया जा रहा है। नगर आयुक्त ने कुर्सी संभालने के बाद करीब तीन हजार आउट सो​र्सिंग के कर्मचारी बढ़ा दिये।