अब मांगकर नहीं बल्कि कमाकर पेट भरेंगे भिखारी, लखनऊ नगर निगम देगा रोजगार

अब मांगकर नहीं बल्कि कमाकर पेट भरेंगे भिखारी, लखनऊ नगर निगम देगा रोजगार
अब मांगकर नहीं बल्कि कमाकर पेट भरेंगे भिखारी, लखनऊ नगर निगम देगा रोजगार

लखनऊ।नवाबों के शहर लखनऊ में अब भिखारियों को सम्मान दिलाने और उनके विकास के लिए पहल की जा रही है। लखनऊ नगर निगम का कहना है कि अब यहां के भिखारी भीख मांगकर नहीं बल्कि कमाकर अपना पेट भरेंगे। अब आप सोच रहे होंगे कि बिखारियों को नौकरी देगा कौन? तो आपको बता दें कि नगर निगम ने एजुकेशन क्वालिफिकेशन और काबिलियत के आधार पर भिखारियों को नौकरी देने का फैसला किया है।

Lucknow Municipal Corporation Will Give Employment To Beggars :

लखनऊ नगर निगम के कमिश्नर इंद्र मणि त्रिपाठी ने बताया कि शैक्षिक योग्यता के आधार पर भिखारियों को रोजगार दिया जाएगा। इसके अलावा गली के बच्चों के पुनर्वास का भी प्रयास किया जाएगा।

लखनऊ नगर निगम इस पहल के अनुसार शहर में शारीरिक रूप से विकलांग भिखारियों को शेल्टर होम्स में रखा जाएगा और जो लोग पूरी तरह से सक्षम हैं उन्हे नौकरी पर रखा जाएगा। इसके लिए सिविक बॉडी ने शहर में बेघर लोगों का एक सर्वे किया और इसकी रिपोर्ट दो तीन दिन में आ जाएगी। अनुमान लगाया जा रहा है कि शहर में करीब 4500 भिखारी हैं जिनमें से 45 को पहले चरण में काम दिया जाएगा उसके बाद अगले राउंड में अन्य 45 को काम दिया जाएगा।

कराया जाएगा ये काम

  • भिखारियों को शहर में घर-घर से कूड़ा उठाने का काम दिया जाएगा, वो उन घरों से रुपये भी इकट्ठे करेंगे।
  • कुछ भिखारियों से साफ सफाई का काम भी कराया जाएगा।
लखनऊ।नवाबों के शहर लखनऊ में अब भिखारियों को सम्मान दिलाने और उनके विकास के लिए पहल की जा रही है। लखनऊ नगर निगम का कहना है कि अब यहां के भिखारी भीख मांगकर नहीं बल्कि कमाकर अपना पेट भरेंगे। अब आप सोच रहे होंगे कि बिखारियों को नौकरी देगा कौन? तो आपको बता दें कि नगर निगम ने एजुकेशन क्वालिफिकेशन और काबिलियत के आधार पर भिखारियों को नौकरी देने का फैसला किया है। लखनऊ नगर निगम के कमिश्नर इंद्र मणि त्रिपाठी ने बताया कि शैक्षिक योग्यता के आधार पर भिखारियों को रोजगार दिया जाएगा। इसके अलावा गली के बच्चों के पुनर्वास का भी प्रयास किया जाएगा। लखनऊ नगर निगम इस पहल के अनुसार शहर में शारीरिक रूप से विकलांग भिखारियों को शेल्टर होम्स में रखा जाएगा और जो लोग पूरी तरह से सक्षम हैं उन्हे नौकरी पर रखा जाएगा। इसके लिए सिविक बॉडी ने शहर में बेघर लोगों का एक सर्वे किया और इसकी रिपोर्ट दो तीन दिन में आ जाएगी। अनुमान लगाया जा रहा है कि शहर में करीब 4500 भिखारी हैं जिनमें से 45 को पहले चरण में काम दिया जाएगा उसके बाद अगले राउंड में अन्य 45 को काम दिया जाएगा। कराया जाएगा ये काम
  • भिखारियों को शहर में घर-घर से कूड़ा उठाने का काम दिया जाएगा, वो उन घरों से रुपये भी इकट्ठे करेंगे।
  • कुछ भिखारियों से साफ सफाई का काम भी कराया जाएगा।