इधर धूं धूं कर जल रही थी सारिका, उधर गैस एजेंसी की लाइन में लगी थी मां

लखनऊ: उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ के पारा क्षेत्र में मां की फटकार से नाराज बेटी ने घर में रखा 15 लीटर कैरोसीन अपने शरीर पर उड़ेल कर अपने आप को आग के हवाले कर दिया। चीख-पुकार सुनकर पड़ोसियों ने झुलस रही लड़की के शरीर पर लगी आग को बुझाया, लेकिन तब तक वह करीब 90 प्रतिशत झुलस चुकी थी। गंभीर हालत में लड़की को लोकबन्धु हास्पिटल ले जाया गया, जहां इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई।




बताया जा रहा है कि पारा थानान्तर्गत कांशीराम आवास योजना फेस-1 के म.नं. 65/7 में रहने वाले अमृपाल सोनी के परिवार में पत्नी उमा सोनी दो बेटे मोहित सोनी, लकी सोनी और दो लड़कियां शिखा व सारिका हैं। वह करीब तीन साल से यहां रह रहे थे। सोमवार दोपहर करीब 1 बजे उमा ने घर के किसी काम को लेकर बेटी सारिका (16) को फटकार लगा दी और पड़ोस में प्रीती सिंह के घर गैस फार्म भरवाने के लिए चली गई। मां की फटकार सारिका को इतना ना गवांर गुजरी कि सारिका ने घर में रखे करीब 15 लीटर कैरोसीन अपने शरीर पर उड़ेल लिया और अपने को आग के हवाले कर दिया। जब वह जलने लगी तो चिल्लाई।





सारिका की चीख- पुकार सुनकर पड़ोसी ने घर से बाहर आये तो देका कि सारिका धूं धूं जल रही थी। पड़ोसी आग को बुझा पाते तब तक सारिका काफी झुलस चुकी थी। उसे गंभीर हालत में लोकबन्धु हास्पिटल ले जाया गया, जहां इलाज के दौरान उसकी मौत हो गयी। सारिका कालोनी में बने मेरीडियन पब्लिक स्कूल में कक्षा-7 की छात्रा थी। मां उमा सोनी ने बताया कि पति अमृतपाल व बेटा मोहित बालागंज में प्राइवेट नौकरी करते हैं। उनका छोटा बेटा लकी कानपुर और बेटी शिखा रायबरेली मौसी के घर गये थे। घर में सारिका अकेली थी।