गोरखपुर में सर्राफ को कार में ज‍िंदा जलाया, तार से बांध दि‍ए थे हाथ-पैर

गोरखपुर| गोरखपुर के एक सर्राफ को रविवार दोपहर फोर लेन पर तेनुआ प्लाजा के पास कार सहित जिंदा जला दिया गया| हत्यारों ने सर्राफ को जलाने से पहले उसके हाथ-पांव बांध दिए थे| लोगों ने जब सड़क पर जलती हुई कार को देखा तो वह उसके पास गए, तब लोगों को पता चला कि उसमे एक युवक पड़ा हुआ है| जब तक फायर ब्रिगेड की गाड़ी मौके पर पहुंचती, सर्राफा व्यवसाई बुरी तरह जल चुका था|




घंटाघर के हरिवंश गली निवासी गोविन्द अग्रवाल के एकलौते बेटे नितिन की घंटाघर में ही गहनों की दुकान है| वह सराफा कारोबार के अलावा दोस्तों के साथ प्रापर्टी का भी कारोबार करता था| वह रविवार की सुबह घर से वसूली की बात कहकर निकला था| इस बीच घर वालों को दोपहर में खबर मिली कि नितिन अग्रवाल की कार में जलने से मौत हो गई है। इसके बाद वह मौक पर पहुंचे| नितिन अग्रवाल जिस कार में जला मिला वह उसके दोस्त विष्णु अग्रहरि की थी| विष्णु अग्रहरि का कहना है कि कार नितिन की ही थी, रजिस्ट्रेशन उसके नाम से हुआ था|




उधर, शुरू में घटना को खुदकुशी करार दे रही पुलिस ने बाद में नितिन के पिता की तहरीर पर हत्या का केस दर्ज कर लिया| पुलिस का कहना है कि पोस्टमार्टम या जांच के बाद ही कुछ कहा जा सकेगा कि युवक को जिंदा जलाया गया है या कार में आग लगी है|