मंदसौर हिंसा भड़काने वाले कांग्रेसी नेता पर FIR दर्ज, बढ़ी मुश्किले

भोपाल। मध्य प्रदेश में उठी हिंसा की चिंगारी को हवा देने का काम कांग्रेस के स्थानीय नेताओं ने किया था जिस वजह से यह आग और तेज़ फफक उठी। इस बात का प्रमाण इन दिनों वायरल वीडियो में साफ तौर पर देखा जा सकत है। सोशल मीडिया पर मंदसौर घटना की वीडियो बड़ी तेज़ी से वायरल हो रही है जिसमे कुछ कांग्रेसी नेता भीड़ को उकसाते और भड़काते दिख रहे है जिसका अब उन्हें खामियाजा भी भुगतना पड़ रहा है। वायरल वीडियो के आधार पर शिवपुरी से कांग्रेस विधायक शकुंतला खटीक पर एफआईआर दर्ज की गई है। शकुंतला पर धारा 353, 406 के तहत केस एफआईआर दर्ज की गई है।



Mandsaur Hinsa Bhadkane Wale Neta Par Fir Darj Badhi Mushkile :

घटना के विरोध में करैरा में प्रदर्शन के दौरान पुलिस से उलझीं कांग्रेस की विधायक शकुंतला खटीक के खिलाफ केस दर्ज हुआ है। उन पर थाने को जलाने के लिए उकसाने, सरकारी काम में रुकावट और किसानों को हिंसा के लिए उकसाने का आरोप लगा है। खटीक से जुड़ा एक वीडियो वायरल हुआ था जिसमें वह थाने में आग लगा दो… थाने में आग लगा दो कहती दिख रही थीं। शकुंतला खटीक ने प्रदर्शन के दौरान पुलिस द्वारा पानी की बौछार मारने को लेकर नाराजगी जताते हुए कहा था कि थाने में आग लगा दो. उस समय उनके साथ भीड़ मौजूद थी। गौरतलब है कि खटीक मंदसौर में पुलिस फायरिंग में मारे गए किसानों को लेकर प्रदर्शन कर रही थीं।



उल्लेखनीय है कि कांग्रेस के नेता और रतलाम जिला पंचायत के उपाध्यक्ष डीपी धाकड़ का 3 जून का वीडियो भी सामने आया था। उन्होंने रतलाम में भाषण दिया था इसमें वह कहते दिख रहे थे कि ‘मेरी बात सुनो- ये दम रखना है कि एक भी गाड़ी आ जाए तो जला दो। थाना-पुलिस से डरने की जरूरत नहीं है। अगर मैं गिरफ्तार हो जाऊं तो आपकी जवाबदेही है डरने की जरूरत नहीं है हमें जो करना पड़ेगा करेंगे।’ डीपी धाकड़ 4 तारीख से फरार हैं और इन पर स्थानीय प्रशासन ने 10 हजार रुपये का इनाम भी रखा हुआ है। धाकड़ के इस भड़काऊ भाषण का नतीजा ये हुआ कि रतलाम के ढेलनपुर गांव में इनके समर्थकों ने कई वाहनों को आग के हवाले कर दिया, जिसमें पुलिस की भी तीन गाड़ियां शामिल थीं। इस दौरान हुए पथराव में दो पुलिसवाले भी घायल हुए थे।

भोपाल। मध्य प्रदेश में उठी हिंसा की चिंगारी को हवा देने का काम कांग्रेस के स्थानीय नेताओं ने किया था जिस वजह से यह आग और तेज़ फफक उठी। इस बात का प्रमाण इन दिनों वायरल वीडियो में साफ तौर पर देखा जा सकत है। सोशल मीडिया पर मंदसौर घटना की वीडियो बड़ी तेज़ी से वायरल हो रही है जिसमे कुछ कांग्रेसी नेता भीड़ को उकसाते और भड़काते दिख रहे है जिसका अब उन्हें खामियाजा भी भुगतना पड़ रहा है। वायरल वीडियो के आधार पर शिवपुरी से कांग्रेस विधायक शकुंतला खटीक पर एफआईआर दर्ज की गई है। शकुंतला पर धारा 353, 406 के तहत केस एफआईआर दर्ज की गई है। घटना के विरोध में करैरा में प्रदर्शन के दौरान पुलिस से उलझीं कांग्रेस की विधायक शकुंतला खटीक के खिलाफ केस दर्ज हुआ है। उन पर थाने को जलाने के लिए उकसाने, सरकारी काम में रुकावट और किसानों को हिंसा के लिए उकसाने का आरोप लगा है। खटीक से जुड़ा एक वीडियो वायरल हुआ था जिसमें वह थाने में आग लगा दो... थाने में आग लगा दो कहती दिख रही थीं। शकुंतला खटीक ने प्रदर्शन के दौरान पुलिस द्वारा पानी की बौछार मारने को लेकर नाराजगी जताते हुए कहा था कि थाने में आग लगा दो. उस समय उनके साथ भीड़ मौजूद थी। गौरतलब है कि खटीक मंदसौर में पुलिस फायरिंग में मारे गए किसानों को लेकर प्रदर्शन कर रही थीं। उल्लेखनीय है कि कांग्रेस के नेता और रतलाम जिला पंचायत के उपाध्यक्ष डीपी धाकड़ का 3 जून का वीडियो भी सामने आया था। उन्होंने रतलाम में भाषण दिया था इसमें वह कहते दिख रहे थे कि 'मेरी बात सुनो- ये दम रखना है कि एक भी गाड़ी आ जाए तो जला दो। थाना-पुलिस से डरने की जरूरत नहीं है। अगर मैं गिरफ्तार हो जाऊं तो आपकी जवाबदेही है डरने की जरूरत नहीं है हमें जो करना पड़ेगा करेंगे।' डीपी धाकड़ 4 तारीख से फरार हैं और इन पर स्थानीय प्रशासन ने 10 हजार रुपये का इनाम भी रखा हुआ है। धाकड़ के इस भड़काऊ भाषण का नतीजा ये हुआ कि रतलाम के ढेलनपुर गांव में इनके समर्थकों ने कई वाहनों को आग के हवाले कर दिया, जिसमें पुलिस की भी तीन गाड़ियां शामिल थीं। इस दौरान हुए पथराव में दो पुलिसवाले भी घायल हुए थे।