रैली में मरने वालों को खैरात नहीं, न्याय दे सरकार : मायावती





लखनऊ: उत्तर प्रदेश की सपा सरकार रैली में मरने वालों को खेरात की बजाए न्याय दें। रैली में लचर प्रशासनिक व्यवस्था के जिम्मेदार अधिकारियों व पुलिस कर्मियों के खिलाफ कार्रवाई होनी चाहिए। यह बात बहुजन समाज पार्टी की अध्यक्ष मायावती नेएक बयान जारी कर कही। उन्होंने कहा कि पार्टी के संस्थापक कांशीराम की 10वीं पुण्यतिथि के मौके पर रविवार को राजधानी के कांशीराम स्मारक में आयोजित रैली के दौरान दो महिलाओं की मृत्यु के लिए प्रदेश की अखिलेश यादव सरकार की लापरवाही और लचर प्रशासनिक एवं पुलिस व्यवस्था जिम्मेदार है।

बसपा प्रमुख मायावती ने मृतकों के परिजनों व घायलों के प्रति संवेदना व्यक्त करते हुए कहा कि बसपा के स्वाभिमानी लोगों को दो-दो लाख रुपए की सरकारी खैरात देने से ज्यादा जरुरी है उन्हें न्याय मिले, जो इस घटना के लिए जिम्मेदार अधिकारियों को समुचित सजा देकर ही मिल सकता है। प्रदेश सरकार ने रैली में मृत महिलाओं के परिजनों को दो-दो लाख रुपए की तथा बसपा ने पांच-पांच लाख रुपये सहायता देने का ऐलान किया है। बसपा अध्यक्ष ने अखिलेश यादव सरकार को हर मोर्चे पर विफल और भ्रष्टाचार की संरक्षक करार देते हुए आरोप लगाया कि समाजवादी पार्टी की सरकार अब लोगों को स्मार्ट फोन देने का छलावा कर रही है।

उन्होंने कहा कि विधान सभा चुनाव के समय सपा सरकार को हवाहवाई वायदे और शिलान्यास करने से बाज आना चाहिए। वैसे भी लोग ऐसी सरकार से स्मार्ट फोन लेकर क्या करेंगे। जिसके कार्यकाल में उनके परिवार के जानमाल और मजहब के सुरक्षित होने की कोई गारंटी नहीं है।