गहलोत सरकार द्वारा 36 लाख का बिल भेजने पर भड़कीं मायावती, कांग्रेस को जमकर लताड़ा

mayawati
गहलौत सरकार द्वारा 36 लाख का बिल भेजने को भड़कीं मायावती, कांग्रेस को जमकर लताड़ा

लखनऊ। कांग्रेस महासचिव प्रियंका वाड्रा और योगी सरकार के बीच बस विवाद ठंडा भी नहीं पड़ा था कि राजस्थान की कांग्रेस सरकार ने योगी सरकार को 36.36 लाख रुपये का बिल भेजकर नया विवाद खड़ा कर दिया है। यह बिल कोटा से यूपी लाए गए बच्चों के लिए 70 बसें उपलब्ध कराने को लेकर भेजा गया है।

Mayawati Angry Over Gehlot Government Sending Bill Of 36 Lakhs Lambasted Congress :

अशोक गहलौत सरकार के इस कदम के बाद भाजपा कांग्रेस को लेकर और अधिक हमलावर हो गई है। इस प्रकरण पर बसपा सुप्रीमो मायावती ने भी कांग्रेस को खूब खरी-खोटी सुनाई है। मायावती ने ट्वीट किया- राजस्थान की कांग्रेस सरकार द्वारा कोटा से करीब 12000 युवक-युवतियों को वापस उनके घर भेजने पर हुए खर्च के रूप में यूपी सरकार से 36.36 लाख रुपये और देने की जो मांग की गई है, वह उसकी कंगाली व अमानवीयता को प्रदर्शित करता है। दो पड़ोसी राज्यों के बीच ऐसी घिनौनी राजनीति अति-दुखद है।

उन्होंने लिखा कि राजस्थान सरकार एक तरफ कोटा से यूपी के छात्रों को अपनी बसों से वापस भेजने के लिए मनमाना किराया वसूल रही है। वहीं दूसरी तरफ अब प्रवासी मजदूरों को यूपी में उनके घर भेजने के लिए बसों की बात कर रही है। ऐसा करके कांग्रेस जो राजनीतिक खेल खेल कर रही है यह कितना उचित व कितना मानवीय है? इसके साथ ही मायावती ने अम्फान तूफान को लेकर भी संवेदना व्यक्त की। उन्होंने लिखा कि तूफान के तांडव से खासकर पश्चिम बंगाल में जो व्यापक तबाही व बर्बादी हुई है वह अति दुखद है।

लखनऊ। कांग्रेस महासचिव प्रियंका वाड्रा और योगी सरकार के बीच बस विवाद ठंडा भी नहीं पड़ा था कि राजस्थान की कांग्रेस सरकार ने योगी सरकार को 36.36 लाख रुपये का बिल भेजकर नया विवाद खड़ा कर दिया है। यह बिल कोटा से यूपी लाए गए बच्चों के लिए 70 बसें उपलब्ध कराने को लेकर भेजा गया है। अशोक गहलौत सरकार के इस कदम के बाद भाजपा कांग्रेस को लेकर और अधिक हमलावर हो गई है। इस प्रकरण पर बसपा सुप्रीमो मायावती ने भी कांग्रेस को खूब खरी-खोटी सुनाई है। मायावती ने ट्वीट किया- राजस्थान की कांग्रेस सरकार द्वारा कोटा से करीब 12000 युवक-युवतियों को वापस उनके घर भेजने पर हुए खर्च के रूप में यूपी सरकार से 36.36 लाख रुपये और देने की जो मांग की गई है, वह उसकी कंगाली व अमानवीयता को प्रदर्शित करता है। दो पड़ोसी राज्यों के बीच ऐसी घिनौनी राजनीति अति-दुखद है। उन्होंने लिखा कि राजस्थान सरकार एक तरफ कोटा से यूपी के छात्रों को अपनी बसों से वापस भेजने के लिए मनमाना किराया वसूल रही है। वहीं दूसरी तरफ अब प्रवासी मजदूरों को यूपी में उनके घर भेजने के लिए बसों की बात कर रही है। ऐसा करके कांग्रेस जो राजनीतिक खेल खेल कर रही है यह कितना उचित व कितना मानवीय है? इसके साथ ही मायावती ने अम्फान तूफान को लेकर भी संवेदना व्यक्त की। उन्होंने लिखा कि तूफान के तांडव से खासकर पश्चिम बंगाल में जो व्यापक तबाही व बर्बादी हुई है वह अति दुखद है।