‘‘बबुआ’ ही कर सकता है पत्थर के हाथियों के बैठने व खड़े होने की बात: मायावती

लखनऊ: उत्तर प्रदेश भर में घूम-घूम कर रैलियों में ‘‘पत्थर वाली सरकार’ कहकर कटाक्ष करने वाले प्रदेश के मुख्यमंत्री अखिलेश यादव पर बसपा सुप्रीमो मायावती ने सोमवार को जबरदस्त पलटवार किया। मायावती ने कहा कि ऐसी बात कोई ‘‘बबुआ’ ही कर सकता है कि पत्थर का बैठा हाथी बैठा है और जो हाथी खड़ा है वह खड़ा है। राज्य विधानसभा चुनाव के बाद बसपा की सरकार बनने का दावा करते हुए मायावती ने कहा कि मुख्यमंत्री को इतना नहीं मालूम कि पत्थरों के हाथियों को जिस मुद्रा में रख दिया जायेगा, वह उसी में रहेंगे।




इतनी बात तो छोटे बच्चे भी जानते हैं और वह तो कई बच्चों के बाप हैं। उन्होंने कहा कि इसी तरह रक्षा मंत्री रहते मुलायम सिंह यादव जैसे हर बात पर ‘‘चाइना-चाइना’ करते थे, ठीक उसी तरह उनका बबुआ भी अब घूम फिर कर पत्थर वाली सरकार की बात करता है। यह बात सभी समझते हैं कि पत्थर के हाथी जिस मुद्रा में लगा देंगे वैसे ही रहेगा, लेकिन हाथियों की र्चचा कर उन्होंने मुफ्त में उनकी पार्टी का प्रचार कर दिया। सुश्री मायावती ने तंज कसते हुए कहा कि पत्थर-पत्थर चिल्लाने वाले को यह मालूम होना चाहिए कि उन्होंने तो स्मारकों में देश और प्रदेश का पत्थर लगवाया है, लेकिन जिस नये घर में वह रह रहे हैं। उसमें करोड़ों रुपये के विदेशी पत्थर लगे हुए हैं।

उन्होंने प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की नीतियों की आलोचना करते हुए कहा कि भारतीय जनता पार्टी ने चुनाव में धर्म के आधार पर मतदाताओं का ध्रुवीकरण करने की पूरी कोशिश की। श्री मोदी ने तीन साल में जनता के लिए कोई काम ही नहीं किया। उन्होंने कहा कि भाजपा ने सरकार बनने पर कत्लखानों को बन्द कराने की घोषणा की है। इस घोषणा से पहले उन्हें बताना चाहिए कि क्या महाराष्ट्र, हरियाणा और मध्यप्रदेश जैसे भाजपा शासित राज्यों में यांत्रिक कत्लखाने बन्द हो गये हैं। मायावती ने प्रधानमंत्री पर चुनाव आचार संहिता के उल्लंघन का भी आरोप लगाया और कहा कि बगैर अनुमति के रोड-शो कर मोदी ने गलत परम्परा कायम की है।




उन्होंने चुनाव में बसपा की जीत का दावा किया और कहा कि सरकार तो हम ही बनायेंगे। उन्होंने कहा कि मोदी कहते हैं कि वह गरीब विरोधी नहीं हैं, लेकिन उनकी सरकार का चाल चरित्र और चेहरा धन्नासेठों का ही हितकारी रहा है। बसपा अध्यक्ष ने कहा कि प्रदेश में सपा सरकार के पांच साल के कार्यकाल में काम कम और अपराध ज्यादा बोलता है। जनता इन चुनाव में उसे इसकी भी सजा देगी।