मीरा कुमार ने भरा नामांकन, बोली- इस लड़ाई को दलित बनाम दलित ना बनाया जाए

नई दिल्ली। राष्ट्रपति पद की दावेदारी के लिए 17 विपक्षी दलों की उम्मीदवार मीरा कुमार ने आज अपना नामांकन दाखिल किया। इस दौरान मीरा कुमार के साथ कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी, पूर्व पीएम मनमोहन सिंह, वरिष्ठ कांग्रेस नेता मल्लिकार्जुन खड़गे, एनसीपी प्रमुख शरद पवार और लेफ्ट के सीताराम येचुरी समेत यूपीए के कई दिग्गज मौजूद रहें। हालांकि इस मौके पर कांग्रेस उपाध्यक्ष राहुल गांधी और आरजेडी प्रमुख लालू यादव नज़र नहीं आए। गौरतलब है कि इससे पहले एनडीए के उम्मीदवार रामनाथ कोविंद ने राष्ट्रपति पद के लिए अपना नामांकन दाखिल किया है।

नामांकन के दौरान कांग्रेस उपाध्यक्ष राहुल गांधी नहीं नज़र आए लेकिन उन्होंने ट्विटर पर लिखा, ‘बांटने की नीति के खिलाफ मीरा कुमार देश और लोगों को बांधे रखने की विचारधार में विश्वास रखती हैं। मीरा कुमार को उम्मीदवार बनाने पर हमें गर्व है।’ नामांकन के पश्चात मीरा कुमार मीडिया हुई इस दौरान उन्होने कहा, ‘मेरा मुकाबला एक विचारधारा से है जिससे मैं बिल्कुल सहमत नहीं हूं, जिस विचारधारा को मैं लेकर चली हूं बहुत मजबूती के साथ मैं उस पर खड़ी हूं।’

{ यह भी पढ़ें:- सोनिया गांधी ने पीएम मोदी को खत लिख कहा- लोकसभा में महिला आरक्षण बिल पास कराइए }

दलित बनाम दलित लड़ाई पर भी मीरा कुमार चुप नहीं रहीं। उन्होंने कहा, ‘अब हम 21वीं सदी में आ गए हैं और मैं देशवासियों से अनुरोध करती हूं कि देश के सर्वोच्च पद की इस लड़ाई को दलित बनाम दलित ना बनाया जाए।’ नामांकन से पहले मीरा कुमार ‘राजघाट’ पहुंची और महात्मा गांधी को श्रद्धांजलि दी। इसके बाद मीरा कुमार बाबू जगजीवन राम की समाधि स्थल ‘समता स्थल’ गईं और उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित किया।

{ यह भी पढ़ें:- JDU की बैठक में NDA में शामिल होने पर लगी औपचारिक मुहर }