Cyclonic Storm FANI: 145 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से चल सकती है हवा, खतरनाक रुप ले सकता है तूफान

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Cyclonic Storm FANI: 145 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से चल सकती है हवा, खतरनाक रुप ले सकता है तूफान

नई दिल्ली। साल के शुरुआत से अब तक मौसम में काफी बदलाव देखे गए हैं। Cyclonic Storm FANI बंगाल की खाड़ियों से उठने वाले इस तूफान को लेकर भारतीय मौसम विभाग ने चेतावनी जारी की है। ये तूफान आने वाले 12 घंटों में गंभीर और 24 घंटों के भीतर ये बेहद ही खतरनाक रुप ले सकता है। एक मई तक इस तूफान की उत्तर-पश्चिम की ओर बढ्ने की संभावना है और इसके बाद धीरे-धीरे ये उत्तर-पूर्व की ओर फिर से बढ़ेगा।

Meteorological Department Issued Alert For Cyclonic Storm Fani Within 24 Hours Severe Storms May Affect :

दरअसल, ये चक्रवाती तूफान ‘FANI’, बंगाल की खाड़ी और पड़ोस के दक्षिण-पूर्वी खाड़ी के 05:30 बजे तक केंद्रित है, जो त्रिंकोमाली (श्रीलंका) से लगभग 745 किमी पूर्व में, चेन्नई से 1050 किमी दक्षिण-पूर्व में और तमिलनाडु के दक्षिण-पूर्व दक्षिण-पूर्व में मछलीपट्टनम (आंध्र प्रदेश)। से 1230 किमी दूर है।

बता दें, भारतीय मौसम विभाग ने Cyclonic Storm FANI को लेकर शुक्रवार को केरल में रेड अलर्ट जारी किया था। हिंद महासागर और उससे सटे बंगाल की खाड़ी में कम दबाव क्षेत्र से बने फनी चक्रवात से केरल के तटवर्ती इलाकों में भीषण तूफान के साथ बारिश की संभावना जताई गई थी। साथ ही मच्छुआरों को तटीय इलाकों से दूर रहने के लिए कहा गया था।

वहीं, बंगाल की खाड़ी के साथ ही हिंद महासागर के पूर्वी भूमध्यवर्ती इलाके में भी कम दबाव क्षेत्र में ये तूफान बना है। मछुआरों का यह भी कहना है कि वह मौसम विभाग और राज्य आपदा प्रबंधन प्राधिकरण के निर्देशों की अनदेखी नहीं करेंगे, जैसा कि ओखी चक्रवात के दौरान की थी। बता दें कि पिछले साल केरल में ओखी चक्रवात में 89 मछुआरों की जान चली गई थी और सौ से ज्यादा लापता हो गए थे।

नई दिल्ली। साल के शुरुआत से अब तक मौसम में काफी बदलाव देखे गए हैं। Cyclonic Storm FANI बंगाल की खाड़ियों से उठने वाले इस तूफान को लेकर भारतीय मौसम विभाग ने चेतावनी जारी की है। ये तूफान आने वाले 12 घंटों में गंभीर और 24 घंटों के भीतर ये बेहद ही खतरनाक रुप ले सकता है। एक मई तक इस तूफान की उत्तर-पश्चिम की ओर बढ्ने की संभावना है और इसके बाद धीरे-धीरे ये उत्तर-पूर्व की ओर फिर से बढ़ेगा। दरअसल, ये चक्रवाती तूफान 'FANI', बंगाल की खाड़ी और पड़ोस के दक्षिण-पूर्वी खाड़ी के 05:30 बजे तक केंद्रित है, जो त्रिंकोमाली (श्रीलंका) से लगभग 745 किमी पूर्व में, चेन्नई से 1050 किमी दक्षिण-पूर्व में और तमिलनाडु के दक्षिण-पूर्व दक्षिण-पूर्व में मछलीपट्टनम (आंध्र प्रदेश)। से 1230 किमी दूर है। बता दें, भारतीय मौसम विभाग ने Cyclonic Storm FANI को लेकर शुक्रवार को केरल में रेड अलर्ट जारी किया था। हिंद महासागर और उससे सटे बंगाल की खाड़ी में कम दबाव क्षेत्र से बने फनी चक्रवात से केरल के तटवर्ती इलाकों में भीषण तूफान के साथ बारिश की संभावना जताई गई थी। साथ ही मच्छुआरों को तटीय इलाकों से दूर रहने के लिए कहा गया था। वहीं, बंगाल की खाड़ी के साथ ही हिंद महासागर के पूर्वी भूमध्यवर्ती इलाके में भी कम दबाव क्षेत्र में ये तूफान बना है। मछुआरों का यह भी कहना है कि वह मौसम विभाग और राज्य आपदा प्रबंधन प्राधिकरण के निर्देशों की अनदेखी नहीं करेंगे, जैसा कि ओखी चक्रवात के दौरान की थी। बता दें कि पिछले साल केरल में ओखी चक्रवात में 89 मछुआरों की जान चली गई थी और सौ से ज्यादा लापता हो गए थे।