1. हिन्दी समाचार
  2. मोदी सरकार ने इन 12 अफसरों को किया जबरन रिटायर, यौन शोषण से लेकर भ्रष्टाचार तक का लगा है आरोप

मोदी सरकार ने इन 12 अफसरों को किया जबरन रिटायर, यौन शोषण से लेकर भ्रष्टाचार तक का लगा है आरोप

Modi Government Compulsorily Retires 12 Senior It Officers For Corruption

By शिव मौर्या 
Updated Date

नई दिल्ली। मोदी सरकार ने भ्रष्टाचार को लेकर बड़ी कार्रवाई की है। भ्रष्टाचार और यौनशोषण के आरोपों से घिरे आयकर विभाग के 12 वरिष्ठ अधिकारियों को सेवा से जबरन रिटायर कर दिया है। वित्त मंत्रालय ने नियम 56 का इस्तेमाल करते हुए यह बड़ी कार्रवाई की। आरोपी अफसर, चीफ कमिश्नर, प्रिंसिपल कमिश्नर और कमिश्नर जैसे पदों पर कार्यरत थे।

पढ़ें :- किसान आंदोलन मे कंगना के ट्वीट का दिलजीत दोसांझ ने दिया जवाब, कह डाली ये बात

रूल 56 के तहत जिन अफसरों को रिटायर किया गया है, उनमें 1985 बैच के आईआरएस अशोक अग्रवाल, एसके श्रीवास्तव (आईआरएस 1989), होमी राजवंश (आईआरएस 1985) प्रमुख हैं। इसके अलावा बीबी राजेंद्र प्रसाद, अजॉय कुमार सिंह, बी अरुलप्पा, आलोक कुमार मित्रा, चांदर सेन भारती, अंडासु रवींद्र, विवेक बत्रा, स्वेताभ सुमन और राम कुमार भार्गव को भी मोदी सरकार ने जबरन रिटायर किया है।

बता दें कि रूल 56 के प्रयोग से ऐसे अफसरों को चिन्हित कर जबरन सेवानिवृत्त किया जा सकता है। जो 50 से 55 साल की उम्र के हों, नॉन परफॉर्मर हों और 30 साल की नौकरी पूरी कर चुके हों। इंडियन एक्सप्रेस की रिपोर्ट के मुताबिक, आईआरएस अशोक अग्रवाल भ्रष्टाचार के मामले में 1999 से 2014 के बीच सस्पेंड थे। इनके ऊपर भ्रष्टाचार के आरोप हैं।

वर्ष 2000 के शुरुआत में अग्रवाल के खिलाफ विभागीय कार्रवाई भी हुई थी। वहीं 1989 बैच के एसके श्रीवास्तव पर कमिश्नर रैंक की दो महिला आईआरएस अफसरों ने यौन उत्पीड़न का आरोप लगाया था। वहीं, होमी राजवंश पर 3.17 करोड़ रुपये की चल और अचल संपत्ति गलत तरीके से अर्जित करने का आरोप रहा। अजॉय कुमार सिंह के खिलाफ भी सीबीआई के एंटी करप्शन ब्यूरो ने केस दर्ज किया था।

पढ़ें :- फिर बढ़े पेट्रोल और डीजल के दाम, जानिए क्‍या रहे 4 महानगरों में भाव...

Hindi News से जुड़े अन्य अपडेट लगातार हासिल करने के लिए हमें फेसबुक और ट्विटर पर फॉलो करे...