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सीएम योगी के आदेश को धता बता रहे अधिकारी, जलभराव के चलते नाव से जाने को मजबूर हैं लोग

Moradabad Jalbharav Nagar Nigam Laparwahi

By टीम पर्दाफाश 
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मुरादाबाद। सूबे में विकास के नए दावों की बात भले ही खुद सीएम योगी कर रहे हों लेकिन उनके अधिकारियों की लापरवाही के चलते ये दावे फेल दिख रहे हैं। जी हां…ये हकीकत आज मुरादाबाद नगर निगम के अंतर्गत दो कालोनियों में देखने को मिली। इसी पांच जुलाई को हुई मूसलाधार बारिश के बाद भोलानाथ कालोनी और दससराय कालोनी में करीब चार से पांच फीट तक पानी भर गया है। पानी की पर्याप्त निकासी न होने से यहां के लोग अब आने जाने के लिए नाव का सहारा ले रहे हैं। तीन दिन बाद आज निरीक्षण को पहुंचे नगर आयुक्त ने पानी निकलवाने बाद यहां स्थाई राहत की बात कही है। वहीँ, स्थानीय लोगों में नगर निगम के रवैये को लेकर नाराजगी इसलिए भी बढ़ गयी है क्यूंकि पिछले साल भी यही हालात बन गए थे।

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शहर की भोलानाथ कालोनी और दससराय कालोनी जल भराव से इस कदर जूझ रहीं हैं कि यहां हालात नदी या बिलकुल टापू की तरह हो गए हैं। बच्चे सुबह स्कूल जाने के लिए नाव का इस्तेमाल करते हैं तो कामकाजी लोग भी नाव से आ जा रहे हैं। जिन घरों के चारों तरफ पानी भर गया है उनके वाशिंदों ने घर छोड़कर कहीं और शरण ली है। ये हाल तब है जब शहर स्मार्ट सिटी के लिए चयनित हो गया है। यही नहीं खुद नगर निगम ने जून में ही नालों की सफाई का दावा किया था। लेकिन अभी पहली बारिश ने उसकी पोल खोल दी है।

स्थानीय नाव चालक दीनानाथ ने बताया कि पानी तीन दिन से भरा हुआ है कालोनी में वे कल शाम से नाव चला रहे हैं। अब तक लोग आधा डूबकर आ जा रहे थे। प्रेमबाला ने बताया कि कई लोग घर छोड़कर चले गए हैं। घरों में सांप और दूसरे जहरीले कीड़े घुस रहे हैं। पिछले साल भी यही हालात बन गए थे लेकिन कोई समस्या दूर नहीं हुई। सुबह बच्चे जान हथेली पर रखकर नाव से स्कूल जा रहे हैं। इसी तरह और भी लोग नाव से ही आ जा रहे हैं।

नगर आयुक्त संजय चौहान और अपर आयुक्त गंभीर सिंह ने आज अधीनस्थ अधिकारियों के साथ इलाके का दौरा किया। उन्होंने बताया कि फौरी तौर पर पम्प सेट लगाया है जो पानी निकाल रहा है। आगे से ऐसा न हो इसके लिए बारिश के बाद स्थाई इंतजाम किये जाएंगे। लेकिन पिछले साल भी ऐसा हुआ और अब इस पर नगर निगम की जिम्मेदारी के सवाल से बच गए।

यहां बता दें कि बीते साल भी बारिश में इस इलाके में कई दिन तक नाव चली थी और एक बार पहली ही बारिश ने नगर निगम की पोल खोल दी है। खुद तब नगर विधायक रितेश गुप्ता ने भी नगर निगम अधिकारीयों की लापरवाही मानते हुए कमिश्नर से शिकायत की थी। लेकिन निगम अधिकारीयों पर जूं तक नहीं रेंगी।

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रिपोर्ट- रूपक त्यागी

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