हत्यारन मां ने बेटी को दो बार चौथी मंजिल से फेंका

Murder
उन्नाव में फिर मिला युवती का अधजला शव, परिजनों ने प्रेमी पर लगाया हत्या का आरोप

Mother Turns Killer Murdered Her Seven Years Old Child

नई दिल्ली। मां शब्द ममता का पर्याय है। औलाद कैसी भी हो मां कभी उसे नुकसान नहीं पहुंचाती। लेकिन बेंगलुरु में एक ऐसा मामला सामने आया है जहां एक मां ने अपनी सात साल की बेटी को मकान की चौथी मंजिल से नीचे फंक कर मौत के घाट उतार दिया। बेंगलुरु पुलिस ने हत्यारन मां को हिरासत में ले लिया है।

घटना दक्षिण बेंगलुरु के जेपी नगर इलाके की है। जहां मूल रूप से पश्चिम बंगाल की रहने वाली स्वाती सरकार नामक महिला ने अपनी सात साल की बेटी को मकान की चौथी मंजिल से दो बार नीचे फेंक कर मौत के घाट उतार दिया।

पड़ोसियों का कहना है कि स्वाती ने अपनी बेटी आशिका को आए दिन मारा पीटा करती थी। पड़ोसियों ने कई बार उसे अपनी बेटी के साथ गलत व्यवहार करते हुए देखा। लेकिन रविवार दोपहर बाद करीब 3.30 बजे स्वाती ने आशिका को मकान की चौथी मंजिल से नीचे फेंक दिया। पहली बार लोगों को लगा कि आशिका गलती से गिर गई। इस बीच स्वाती नीचे आकर उसे दोबार ऊपर ले गई। आशिका को लहू लुहान देख बिल्डिंग के लोगों ने उससे जानने की कोशिश भी कि आखिर क्या हो गया है। जवाब में स्वाती ने बेहद भड़के हुए अंदाज में सभी से अपने मतलब से काम रखने को कहा और फिर से बिल्डिंग की छत पर चली गई। इस बार फिर स्वाती ने ​अाशिका को नीचे फेंक दिया जिसके बाद वह भाग कर नीचे पहुंची इससे पहले कि वह मौके से भाग पाती स्थानीय लोगों ने उसे पकड़ लिया और पास ही बिजली के खंभे से बांध दिया।

स्थानीय लोगों से जानकारी मिलने पर मौके पर पहुंची पुलिस ने स्वाती को हिरासत में लेकर जब सवाल जवाब किया तो उसने जिस तरह का जवाब दिया वह उसकी मानसिक हालत को बयान करने वाला था। स्वाती ने पुलिस से कहा कि वह अपनी बेटी के साथ जो चाहे कर सकती है। वे लोग कौन होते हैं उससे सवाल करने वाले।

पुलिस का कहना है कि स्वाती मानसिक रूप से बीमार है। उसकी बेटी बोल नहीं पाती थी जिसका इलाज चल रहा था। इलाज के बाद वह थोड़ा बहुत बोलने लगी थी। पुलिस का ​कहना है कि पड़ोसियों ने बताया है कि स्वाती आए दिन अपनी बेटी को मारा पीटा करती थी।

पुलिस की छानबीन में सामने आया है कि पश्चिम बंगाल के बर्धमान के मूल निवासी स्वाती सरकार का पति कंचन सरकार एक आईटी कंपनी में एनालिस्ट है। करीब नौ साल पहले दोनों ने अपने परिवार के खिलाफ जाकर बेंगलुरु आकर शादी कर घर बसाया था। स्वाती एक स्कूल में पढ़ाती भी थी, लेकिन बेटी आशिका के जन्म के साथ उसकी नौकरी छूट गई। आशिका के न बोल पाने के चलते स्वाती अवसादग्रस्त हो गई थी। जिस वजह से उसके दाम्पत्य जीवन में भी समस्याओं ने सिर उठा लिया था। स्वाती के साथ आए दिन होने वाली लड़ाईयों से आजिज आकर कंचन ने अपने आॅफिस के पास ही इंदिरानगर में दूसरा मकान ले​ लिया था। पुलिस का कहना है कि कंचन और स्वाती दोनों के परिवारों ने उनकी शादी से नाराज होकर अपने रिश्ते खत्म कर​ लिए थे। वे आज तक अपने फैसले पर कायम हैं।

नई दिल्ली। मां शब्द ममता का पर्याय है। औलाद कैसी भी हो मां कभी उसे नुकसान नहीं पहुंचाती। लेकिन बेंगलुरु में एक ऐसा मामला सामने आया है जहां एक मां ने अपनी सात साल की बेटी को मकान की चौथी मंजिल से नीचे फंक कर मौत के घाट उतार दिया। बेंगलुरु पुलिस ने हत्यारन मां को हिरासत में ले लिया है। घटना दक्षिण बेंगलुरु के जेपी नगर इलाके की है। जहां मूल रूप से पश्चिम बंगाल की रहने वाली स्वाती…