टूटी सपा की ‘साइकिल’, मुलायम संभाल सकते हैं मुख्यमंत्री की कुर्सी

लखनऊ। समाजवादी पार्टी में टिकट बंटवारे को लेकर जारी सियासत ने अब संग्राम का रूप ले लिया है। सपा मुखिया के ऐलान के बाद अब पार्टी में वर्चस्व की जंग शुरू हो गयी है। निष्कासन के बाद भी सीएम अखिलेश व रामगोपाल इस फैसले को असंवैधानिक बता रहे हैं। माना जा रहा है कि अब मुलायम सिंह यादव सूबे की कमान संभाल सकते हैं और खुद मुख्यमंत्री की कुर्सी संभाल सकते हैं। अंदरखाने से आ रही खबरों की मानें तो अब अखिलेश यादव को मुख्यमंत्री पद से हटाने की जुगत में उनके विरोधी लग गए हैं।




ये रहा पूरा अपडेट—

रामगोपाल यादव का बयान–निष्‍कासन असंवैधानिक

पार्टी से निकाले जाने के बाद रामगोपाल यादव ने कहा, ‘ये निष्‍कासन पूरी तरह से असंवैधानिक है, बिना पक्ष सुने कार्रवाई नहीं की जा सकती। अगर पार्टी का अध्यक्ष असंवैधानिक काम करे तो फिर सम्मेलन कौन बुलाएगा?’

रामगोपाल ने अखिलेश का भविष्‍य खराब किया : सपा प्रमुख

रामगोपाल ने अखिलेश का भविष्‍य खराब किया। अखिलेश को भी अनुशासनहीनता की वजह से छह साल के लिए पार्टी से निकाला जाता है।

मुलायम ने किया अखिलेश के भविष्य के साथ खिलवाड़- राम गोपाल

सबको पता है कि विकास विरोधी कौन है और किसने अखिलेश के भविष्य के साथ खिलवाड़ किया है यह बात पूरे प्रदेश की जनता को पता है।
मुलायम बोले, मुख्यमंत्री कौन होगा, यह हम तय करेंगे। अब पार्टी यह तय करेगी कि सूबे का अगला मुख्यमंत्री कौन होंगा। अभी हम इस विषय पर नहीं सोच है पहले हमे अपनी पार्टी को टूटने से बचना है।




समाजवादी पार्टी मेरी है- अखिलेश

सूत्रो की माने तो अखिलेश यादव का कहना है कि पार्टी के लिए हमने भी बहुत काम किए है, सूबे में विकास हमने करा है। ऐसे कैसे कोई एक इंसान फैसला ले सकता है। पार्टी हमारी भी है।