पेट्रोल-डीजल पर बोलीं निर्मला सीतारमण-न कम होगा टैक्स, न ही आएगा जीएसटी के दायरे में

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निर्मला सीतारमण पेट्रोल-डीजल पर बोलीं- न कम होगा टैक्स, न ही आएगा जीएसटी के दायरे में

नई दिल्ली। वित्तमंत्री निर्मला सीतारमण ने पेट्रोल-डीजल को लेकर कहा कि इस पर किसी तरह का टैक्स कम नहीं होगा और यह जीएसटी के दायरे में नहीं आयेगा। उन्होंने कहा कि यह पहले से ही जीएसटी के जीरो रेट कैटेगिरी में आता है। लोकसभा में एक प्रश्न का जवाब देते हुए उन्होंने कहा कि पूरी दुनिया में कोई ऐसा देश नहीं है, जहां पर पेट्रोल-डीजल की कीमतें एक समय के स्थिर रहती हों।

Nirmala Sitharaman Bids On Petrol And Diesel Tax Will Not Be Reduced Nor Will It Come Under Gst :

पेट्रोल-डीजल को जीएसटी के दायरे में लाने के सवाल पर वित्तमंत्री ने कहा कि यह दोनों वस्तुएं पहले से ही जीएसटी में हैं। यह जीएसटी के शून्य रेट कैटेगिरी में आते हैं। इन रेट्स के बारे में जीएसटी परिषद निर्णय लेती है। इस परिषद में वित्त मंत्री अध्यक्ष होते हैं और राज्यों के वित्त मंत्री सदस्य। इसके साथ ही उन्होंने कहा कि अभी पेट्रोल-डीजल पर टैक्स घटाने का कोई प्रस्ताव नहीं है।

फिलहाल पेट्रोल की कीमत दिल्ली में 74 रुपये के पार चली गई है। इसके अलावा वित्त मंत्री ने साफ किया कि इन दोनों वस्तुओं पर कोई नया कर लगाने का भी प्रस्ताव नहीं है। केंद्र सरकार पेट्रोल-डीजल पर कई तरह के एक्साइज और कस्टम ड्यूटी लगाती है। इसके अलावा राज्य सरकार भी वैट और स्थानीय कर लगाते हैं। किसानों को सब्सिडी पर डीजल देने के सवाल पर वित्त मंत्री ने किसी तरह का कोई उत्तर नहीं दिया और कहा कि यह केवल राज्य सरकारें कर सकती हैं।

नई दिल्ली। वित्तमंत्री निर्मला सीतारमण ने पेट्रोल-डीजल को लेकर कहा कि इस पर किसी तरह का टैक्स कम नहीं होगा और यह जीएसटी के दायरे में नहीं आयेगा। उन्होंने कहा कि यह पहले से ही जीएसटी के जीरो रेट कैटेगिरी में आता है। लोकसभा में एक प्रश्न का जवाब देते हुए उन्होंने कहा कि पूरी दुनिया में कोई ऐसा देश नहीं है, जहां पर पेट्रोल-डीजल की कीमतें एक समय के स्थिर रहती हों। पेट्रोल-डीजल को जीएसटी के दायरे में लाने के सवाल पर वित्तमंत्री ने कहा कि यह दोनों वस्तुएं पहले से ही जीएसटी में हैं। यह जीएसटी के शून्य रेट कैटेगिरी में आते हैं। इन रेट्स के बारे में जीएसटी परिषद निर्णय लेती है। इस परिषद में वित्त मंत्री अध्यक्ष होते हैं और राज्यों के वित्त मंत्री सदस्य। इसके साथ ही उन्होंने कहा कि अभी पेट्रोल-डीजल पर टैक्स घटाने का कोई प्रस्ताव नहीं है। फिलहाल पेट्रोल की कीमत दिल्ली में 74 रुपये के पार चली गई है। इसके अलावा वित्त मंत्री ने साफ किया कि इन दोनों वस्तुओं पर कोई नया कर लगाने का भी प्रस्ताव नहीं है। केंद्र सरकार पेट्रोल-डीजल पर कई तरह के एक्साइज और कस्टम ड्यूटी लगाती है। इसके अलावा राज्य सरकार भी वैट और स्थानीय कर लगाते हैं। किसानों को सब्सिडी पर डीजल देने के सवाल पर वित्त मंत्री ने किसी तरह का कोई उत्तर नहीं दिया और कहा कि यह केवल राज्य सरकारें कर सकती हैं।