बीजेपी के प्रदेश अध्यक्ष की राहुल गांधी की मां पर अभद्र टिप्पणी पर क्यो चुप है बीजेपी और चुनाव आयोग

satpal singh satti
बीजेपी के प्रदेश अध्यक्ष की राहुल गांधी की मां पर अभद्र टिप्पणी पर क्यो चुप है बीजेपी और चुनाव आयोग


नई दिल्ली। लोकसभा चुनाव में जनसभाओं के दौरान विपक्षी पार्टियों के नेताओं पर अभद्र टिप्पणी करने वाले उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ, सपा के वरिष्ठ नेता आजम खां, पूर्व मुख्यमंत्री और मेनका गांधी पर चुनाव आयोग ने कार्रवाई कर दी, लेकिन कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष राहुल गांधी को मंच पर ही गाली देने वाले हिमाचल प्रदेश बीजेपी के अध्यक्ष सतपाल सिंह सत्ती पर आखिर क्यो इतना रहम किया जा रहा है।

No Action Against Bjp State President Satpal Singh Satti After Volgour Statement About Sonia :

बता दें कि रामपुर से बीजेपी की लोकसभा प्रत्याशी जया प्रदा पर आजम खां ने अभद्र टिप्पणी कर दी तो चंद घंटो में उनपर स्थानीय पुलिस से लेकर चुनाव आयोग तक का डंडा चल गया, वही दूसरी तरफ हिमाचल प्रदेश बीजेपी अध्यक्ष के एक महिला के खिलाफ इतनी शर्मनाक टिप्पणी करने के बाद भ न तो खुद को महिला हितैषी कहने वाली भारतीय जनता पार्टी के वरिष्ठ नेता और न ही चुनाव आयोग ने कोई कार्रवाई की।

इससे साफ जाहिर होता है कि भारतीय जनता पार्टी की कथनी और करनी में काफी अंतर है। मौजूद हालात से से तो यही जाहिर होता है कि यदि विपक्ष का कोई नेता किसी प्रकार की अभद्र टिप्पणी करता है तो उसके खिलाफ तुरन्त सरकार के साथ चुनाव आयोग भी स​क्रिय हो जाता है और जब सत्ताधारी भारतीय जनता पार्टी का कोई नेता किसी प्रकार की कोई अभद्र टिप्पणी करता है तो उसके खिलाफ कार्रवाई करने में इतना समय लग जाता है।

बता दें कि यूपी सीएम समेत कई नेताओं के खिलाफ कार्रवाई होने के बाद हिमाचल बीजेपी के प्रदेश अध्यक्ष के शर्मनाक बयान के बाद लोगों का यही सवाल है कि जब उत्तर प्रदेश में आजम खां के किसी महिला के ​बारे में अभद्र टिप्पणी करने के चंद घंटे बाद एफआईआर समेत तमाम कार्रवाई हो सकती है तो हिमाचल प्रदेश में ऐसा क्यों नहीं किया जा रहा है।


नई दिल्ली। लोकसभा चुनाव में जनसभाओं के दौरान विपक्षी पार्टियों के नेताओं पर अभद्र टिप्पणी करने वाले उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ, सपा के वरिष्ठ नेता आजम खां, पूर्व मुख्यमंत्री और मेनका गांधी पर चुनाव आयोग ने कार्रवाई कर दी, लेकिन कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष राहुल गांधी को मंच पर ही गाली देने वाले हिमाचल प्रदेश बीजेपी के अध्यक्ष सतपाल सिंह सत्ती पर आखिर क्यो इतना रहम किया जा रहा है।

बता दें कि रामपुर से बीजेपी की लोकसभा प्रत्याशी जया प्रदा पर आजम खां ने अभद्र टिप्पणी कर दी तो चंद घंटो में उनपर स्थानीय पुलिस से लेकर चुनाव आयोग तक का डंडा चल गया, वही दूसरी तरफ हिमाचल प्रदेश बीजेपी अध्यक्ष के एक महिला के खिलाफ इतनी शर्मनाक टिप्पणी करने के बाद भ न तो खुद को महिला हितैषी कहने वाली भारतीय जनता पार्टी के वरिष्ठ नेता और न ही चुनाव आयोग ने कोई कार्रवाई की।

इससे साफ जाहिर होता है कि भारतीय जनता पार्टी की कथनी और करनी में काफी अंतर है। मौजूद हालात से से तो यही जाहिर होता है कि यदि विपक्ष का कोई नेता किसी प्रकार की अभद्र टिप्पणी करता है तो उसके खिलाफ तुरन्त सरकार के साथ चुनाव आयोग भी स​क्रिय हो जाता है और जब सत्ताधारी भारतीय जनता पार्टी का कोई नेता किसी प्रकार की कोई अभद्र टिप्पणी करता है तो उसके खिलाफ कार्रवाई करने में इतना समय लग जाता है।

बता दें कि यूपी सीएम समेत कई नेताओं के खिलाफ कार्रवाई होने के बाद हिमाचल बीजेपी के प्रदेश अध्यक्ष के शर्मनाक बयान के बाद लोगों का यही सवाल है कि जब उत्तर प्रदेश में आजम खां के किसी महिला के ​बारे में अभद्र टिप्पणी करने के चंद घंटे बाद एफआईआर समेत तमाम कार्रवाई हो सकती है तो हिमाचल प्रदेश में ऐसा क्यों नहीं किया जा रहा है।