उमर अब्दुल्ला का विवादित बयान- रोजगार नहीं इसलिए घाटी के युवा बन रहे है आतंकी

omar abdulla
उमर अब्दुल्ला का विवादित बयान- रोजगार नहीं इसलिए घाटी के युवा उठा रहे बंदूक

नई दिल्ली। जम्मू-कश्मीर के पूर्व मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला ने एक विवादास्पद और राष्ट्रविरोधी बयान दिया है। उन्होंने कहा है कि घाटी के युवाओं के पास रोजगार नहीं है इसलिए वे बंदूक उठा रहे हैं। उनके पास न कोई नजरिया है और न ही कोई रास्ता। इस संकटपूर्ण स्थिति पर सभी को विचार करना होगा। वे यहां नेकां के यूथ कन्वेंशन में बोल रहे थे।

Omar Abdullah Jammu Kashmir Youth Picking Up Gun Militants :

बता दें कि घाटी में एक समारोह में लोगों को संबोधित करते हुए पूर्व सीएम उमर अब्दुल्ला ने लोगों को भड़काने वाला बयान दिया। उन्होंने देशविरोधी बयान देते हुए युवाओं से कहा कि इस समय आप देश की तरह देख रहे हैं, लेकिन केंद्र की मोदी सरकार ने युवाओं को रोजगार देने का जो वायदा किया था वो झूठा निकला। मोदी सरकार आपको न तो रोजगार दे पाई है न ही किसानों के लिए कोई ठोस कदम उठा पाई है। ऐसे में घाटी के युवाओं के पास हथियार उठाने का एक ही विकल्प बचा है। और अब्दुल्ला ने कहा की जितना आतंकी मरेंगे उतना आतंकी और बनेंगे।

उन्होंने इस दौरान मोदी सरकार को आड़े हाथों लेते हुए कहा कि देश में नोटबंदी लागू करने के दौरान पीएम मोदी ने कहा था कि इससे देश में आतंकवाद की कमर टूट जाएगी लेकिन ऐसा कुछ हुआ नहीं। नोटबंदी के बाद भी देश और घाटी में आतंकी गतिविधियां जारी है। देश में आतंकी हमले बंद नहीं हुए हैं।

नई दिल्ली। जम्मू-कश्मीर के पूर्व मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला ने एक विवादास्पद और राष्ट्रविरोधी बयान दिया है। उन्होंने कहा है कि घाटी के युवाओं के पास रोजगार नहीं है इसलिए वे बंदूक उठा रहे हैं। उनके पास न कोई नजरिया है और न ही कोई रास्ता। इस संकटपूर्ण स्थिति पर सभी को विचार करना होगा। वे यहां नेकां के यूथ कन्वेंशन में बोल रहे थे। बता दें कि घाटी में एक समारोह में लोगों को संबोधित करते हुए पूर्व सीएम उमर अब्दुल्ला ने लोगों को भड़काने वाला बयान दिया। उन्होंने देशविरोधी बयान देते हुए युवाओं से कहा कि इस समय आप देश की तरह देख रहे हैं, लेकिन केंद्र की मोदी सरकार ने युवाओं को रोजगार देने का जो वायदा किया था वो झूठा निकला। मोदी सरकार आपको न तो रोजगार दे पाई है न ही किसानों के लिए कोई ठोस कदम उठा पाई है। ऐसे में घाटी के युवाओं के पास हथियार उठाने का एक ही विकल्प बचा है। और अब्दुल्ला ने कहा की जितना आतंकी मरेंगे उतना आतंकी और बनेंगे। उन्होंने इस दौरान मोदी सरकार को आड़े हाथों लेते हुए कहा कि देश में नोटबंदी लागू करने के दौरान पीएम मोदी ने कहा था कि इससे देश में आतंकवाद की कमर टूट जाएगी लेकिन ऐसा कुछ हुआ नहीं। नोटबंदी के बाद भी देश और घाटी में आतंकी गतिविधियां जारी है। देश में आतंकी हमले बंद नहीं हुए हैं।