चुनावी चंदे वाले इलेक्टोरल बॉन्ड पर विपक्ष ने सरकार को घेरा, कांग्रेस ने कहा-बॉन्ड से बीजेपी का हुआ फायदा

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चुनावी चंदे वाले इलेक्टोरल बॉन्ड पर विपक्ष ने सरकार को घेरा, कांग्रेस ने कहा-बॉन्ड से बीजेपी का हुआ फायदा

नई दिल्ली। संसद के शीतकालीन सत्र का गुरुवार चौथा दिन है। चुनावी चंदे वाले इलेक्टोरल बॉन्ड को लेकर विपक्ष ने आज सरकार पर निशाना साधा है। कांग्रेस ने कहा कि बॉन्ड के जरिए बीजेपी को फायदा हुआ है। इसे लेकर कांग्रेस ने सरकार से जवाब मांगा है। इस मुद्दे को लेकर दोनों सदनों में विपक्ष काफी हंगामा कर रही है। इसी बीच कांग्रेस ने सदन से वॉकआउट कर दिया है।

Opposition Surrounded The Government On Electoral Bonds With Electoral Funding Congress Said Bjps Benefit From The Bond :

कांग्रेस सांसद शशि थरूर ने इलेक्टोरल बॉन्ड को लेकर कहा कि, जब इलेक्टोरल बॉन्ड पेश किए गए थे, तो हममें से कई लोगों ने इसपर गंभीर आपत्ति जताई थी कि कैसे यह आसानी से अमीर निगमों और व्यक्तियों के लिए अनुचित राजनीतिक दलों, विशेष रूप से सत्तारूढ़ पार्टी को प्रभावित करने का एक तरीका बन सकता है।

कांग्रेस की संसदीय रणनीति बैठक को लेकर सूत्रों का कहना है, ‘हम इलेक्टोरल बॉन्ड के मुद्दे को इतनी जल्दी खत्म नहीं होने देंगे। हम सरकार को जवाबदेह बनाएंगे। सरकार के खिलाफ रणनीति बनाने के लिए विपक्षी दलों तक पहुंचकर हम इस पर विस्तृत चर्चा चाहते हैं।

यदि सरकार इलेक्टोरल बॉन्ड पर चर्चा करने की अनुमति नहीं देती तो कांग्रेस सदन से वॉकआउट करेगी। कांग्रेस गांधी की प्रतिमा के सामने प्रदर्शन भी करेगी।’ वहीं, सार्वजनिक क्षेत्र के उपक्रमों के विनिवेश और चुनावी बॉन्ड के मुद्दे पर वाम तथा कांग्रेस के सदस्यों ने हंगामा किया, जिसके कारण गुरुवार राज्यसभा दोपहर 12 बजे तक स्थगित भी की गयी।

नई दिल्ली। संसद के शीतकालीन सत्र का गुरुवार चौथा दिन है। चुनावी चंदे वाले इलेक्टोरल बॉन्ड को लेकर विपक्ष ने आज सरकार पर निशाना साधा है। कांग्रेस ने कहा कि बॉन्ड के जरिए बीजेपी को फायदा हुआ है। इसे लेकर कांग्रेस ने सरकार से जवाब मांगा है। इस मुद्दे को लेकर दोनों सदनों में विपक्ष काफी हंगामा कर रही है। इसी बीच कांग्रेस ने सदन से वॉकआउट कर दिया है। कांग्रेस सांसद शशि थरूर ने इलेक्टोरल बॉन्ड को लेकर कहा कि, जब इलेक्टोरल बॉन्ड पेश किए गए थे, तो हममें से कई लोगों ने इसपर गंभीर आपत्ति जताई थी कि कैसे यह आसानी से अमीर निगमों और व्यक्तियों के लिए अनुचित राजनीतिक दलों, विशेष रूप से सत्तारूढ़ पार्टी को प्रभावित करने का एक तरीका बन सकता है। कांग्रेस की संसदीय रणनीति बैठक को लेकर सूत्रों का कहना है, 'हम इलेक्टोरल बॉन्ड के मुद्दे को इतनी जल्दी खत्म नहीं होने देंगे। हम सरकार को जवाबदेह बनाएंगे। सरकार के खिलाफ रणनीति बनाने के लिए विपक्षी दलों तक पहुंचकर हम इस पर विस्तृत चर्चा चाहते हैं। यदि सरकार इलेक्टोरल बॉन्ड पर चर्चा करने की अनुमति नहीं देती तो कांग्रेस सदन से वॉकआउट करेगी। कांग्रेस गांधी की प्रतिमा के सामने प्रदर्शन भी करेगी।' वहीं, सार्वजनिक क्षेत्र के उपक्रमों के विनिवेश और चुनावी बॉन्ड के मुद्दे पर वाम तथा कांग्रेस के सदस्यों ने हंगामा किया, जिसके कारण गुरुवार राज्यसभा दोपहर 12 बजे तक स्थगित भी की गयी।