सरकार ने भरी हामी, अब पाकिस्तानियों का सिर काटना ही एक मात्र लक्ष्य

Pakistaniyon Ka Sir Katna Hi Ek Matra Lakshya

लखनऊ। बार्डर पर भारतीय जवानों के शव के साथ हुए बर्बरता के बाद से देश भर में पाकिस्तान के खिलाफ आक्रोश का माहौल है। देश के हर कोने से आवाज़ आ रही है कि हम 2 के बदले 200 मारेंगे। लेकिन आज हम यूपी के एक ऐसे गाँव की बात कर रहे है जिसकी कहानी सबड़े अलग है,यहां लोगों का देशप्रेम का जज़्बा वाकई सरहनीय है। इस गाँव का इतिहास देश के नाम समर्पित रहा है। हम बात कर रहे है यूपी के आगरा में बसे अटूस गांव की। जहां के 810 युवा भारतीय फौज में शामिल हैं और पाकिस्तानी सेना का सिर काटना ही इनका एकमात्र लक्ष्‍य है। भारतीय सेना में शामिल इस गांव के जवान कहते हैं, ‘सरकार और सेना एक इशारा कर दे, पाकिस्तानियों के सिर भारत और धड़ पाकिस्तान में होगा।




मंगलवार को जब भारतीय सेना के दो जवानों के साथ पाकिस्तान सेना ने फिर यह बर्बरता की, तो सबसे पहले आगरा के इस गांव में पाकिस्तान मुर्दाबाद के नारे लगे। गांव के 30 फीसदी जवान सेना में हैं। इनमें से पांच युवा कश्‍मीर में बार्डर पर तैनात हैं। गांव के 250 लोग सेना से रिटायर हो चुके हैं। यहां के लोगों की रगों में देशभक्ति दौड़ती है और पाकिस्तान के नाम भर से खून खौल उठता है।




यह साहस इस गांव में पाकिस्तान के उस दुस्साहस के बाद सामने आया, जब साल 2000 में भारतीय जवान दशरथ सिंह के शव के साथ पाकिस्तानियों ने बर्बरता की। उसी दिन गांव की नई पीढ़ी ने भी तय कर लिया कि बड़े होकर बदला जरूर लेंगे। इस गांव में शराबबंदी है। कोई गांव में शराब लेकर भी घुस गया तो उस पर 500 रुपए जुर्माना लगता है। शराबियों की खबर देने पर 500 रुपए इनाम भी मिलता है।




सेना से रिटायर हरवीर सिंह कहते हैं, ‘दशहथ सिंह 26 साल की उम्र में शहीद हो गए थे। पाकिस्तानियों ने उनका सिर काट दिया था और धड़ को बम से उड़ा दिया था। शव की हालत इस कदर बिगड़ गई थी कि उसका दाह संस्कार बॉर्डर पर ही भारतीय सेना ने सम्मान के साथ कर दिया। दशरथ का परिवार भी उन्हें आखिरी बार नहीं देख सका।’



यहां के युवा कहते हैं कि 17 साल पहले हमारे गांव के जवान का सिर पाकिस्तानियों ने काटा था। हम बदला लेने को तैयार हैं। सरकार और सेना का नेतृत्व बस एक इशारा करे, हम पाकिस्तान में घुसकर उनके जवानों के सिर काटकर ले आएंगे। सेना में जाने की तैयारी कर रहा राजेंद्र कहता है, ‘गांव का हर जवान दो पाकिस्तानियों के सिर लेकर आएगा। यह सिर भारत की उन मां, बहनों, बीवियों और बेटियों को समर्पित होंगे, जिन्होंने अपना बेटा, पिता, पति और भाई खोया है।’

लखनऊ। बार्डर पर भारतीय जवानों के शव के साथ हुए बर्बरता के बाद से देश भर में पाकिस्तान के खिलाफ आक्रोश का माहौल है। देश के हर कोने से आवाज़ आ रही है कि हम 2 के बदले 200 मारेंगे। लेकिन आज हम यूपी के एक ऐसे गाँव की बात कर रहे है जिसकी कहानी सबड़े अलग है,यहां लोगों का देशप्रेम का जज़्बा वाकई सरहनीय है। इस गाँव का इतिहास देश के नाम समर्पित रहा है। हम बात कर रहे…