‘निसारगा’ तूफान से दहशत, रेड अलर्ट पर महाराष्ट्र-गुजरात, NDRF तैनात

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नई दिल्ली। भारत में ‘अम्फान’ के बाद अब ‘निसरगा‘ नामक चक्रवाती तूफान ने दस्तक दे दी है। यह तूफान अरब सागर में बन रहा है। भारतीय मौसम विभाग ने इस तूफान के खतरे को देखते हुए महाराष्ट्र और गुजरात के तटीय क्षेत्रों में रेड अलर्ट जारी किया है। वहीं तूफान के चलते गुजरात के भावनगर में तेज बारिश भी हुई है। ऐसे में दोनों राज्यों में एनडीआरएफ की कई टीमों को तैनात किया गया है।

Panic By Nisarga Storm Maharashtra Gujarat On Red Alert Ndrf Posted :

चक्रवात तूफान निसरगा से उपजने वाले संकट को देखते हुए राष्ट्रीय आपदा प्रतिक्रिया बल ने महाराष्ट्र में नौ, गुजरात में 11, दमन देव और दादर नगर हवेली में 11में एनडीआरएफ की टीमों की तैनाती की है। वहीं गृह मंत्री अमित शाह ने भी चक्रवाती तूफान से निपटने को लेकर एनडीआरएफ के अधिकारियों के साथा समीक्षा बैठक की। चक्रवात के 3 जून को महाराष्ट्र और गुजरात के कुछ हिस्सों में टकराने की संभावना जताई गई है।

वहीं उम्मीद जताई जा रही है कि चक्रवाती तूफान के टकराने के साथ महाराष्ट्र, गुजरात के तटीय क्षेत्रों में भारी बारिश हो सकती है। मौसम विभाग ने 1 जून के लिए केरल, कर्नाटक, गोवा और महाराष्ट्र के तटीय इलाकों के लिए भी ऑरेंज अलर्ट जारी किया है। आईएमडी ने रविवार को बताया कि अरब सागर और लक्ष्य दीप के बीच बना कम दबाव के क्षेत्र से चक्रवाती तूफान में तेजी आ सकती है।

विभाग ने संभावना जताई है कि चक्रवात तूफान दक्षिण पूर्वी और आसपास के पूर्वी मध्य सागर तथा लक्ष्यदीप क्षेत्र के ऊपर कम दबाव के रूप में मजबूत हो सकता है और आगामी 24 घंटों में और अधिक मजबूत होकर चक्रवाती तूफान में तब्दील हो जाएगा। जो कि 3 जून की शाम या रात तक उत्तरी महाराष्ट्र और दक्षिण गुजरात तट से टकरा सकता है।

इतना ही नहीं मौसम विभाग ने एहतियातन मछुआरों को 4 जून तक समुद्र में नहीं जाने की भी सलाह दी है। साथ ही कहा है कि जो मछुआरे फिलहाल अरब सागर में गए हैं वे तुरंत वापस तटों पर लौट जाएं।

नई दिल्ली। भारत में ‘अम्फान’ के बाद अब ‘निसरगा‘ नामक चक्रवाती तूफान ने दस्तक दे दी है। यह तूफान अरब सागर में बन रहा है। भारतीय मौसम विभाग ने इस तूफान के खतरे को देखते हुए महाराष्ट्र और गुजरात के तटीय क्षेत्रों में रेड अलर्ट जारी किया है। वहीं तूफान के चलते गुजरात के भावनगर में तेज बारिश भी हुई है। ऐसे में दोनों राज्यों में एनडीआरएफ की कई टीमों को तैनात किया गया है। चक्रवात तूफान निसरगा से उपजने वाले संकट को देखते हुए राष्ट्रीय आपदा प्रतिक्रिया बल ने महाराष्ट्र में नौ, गुजरात में 11, दमन देव और दादर नगर हवेली में 11में एनडीआरएफ की टीमों की तैनाती की है। वहीं गृह मंत्री अमित शाह ने भी चक्रवाती तूफान से निपटने को लेकर एनडीआरएफ के अधिकारियों के साथा समीक्षा बैठक की। चक्रवात के 3 जून को महाराष्ट्र और गुजरात के कुछ हिस्सों में टकराने की संभावना जताई गई है। वहीं उम्मीद जताई जा रही है कि चक्रवाती तूफान के टकराने के साथ महाराष्ट्र, गुजरात के तटीय क्षेत्रों में भारी बारिश हो सकती है। मौसम विभाग ने 1 जून के लिए केरल, कर्नाटक, गोवा और महाराष्ट्र के तटीय इलाकों के लिए भी ऑरेंज अलर्ट जारी किया है। आईएमडी ने रविवार को बताया कि अरब सागर और लक्ष्य दीप के बीच बना कम दबाव के क्षेत्र से चक्रवाती तूफान में तेजी आ सकती है। विभाग ने संभावना जताई है कि चक्रवात तूफान दक्षिण पूर्वी और आसपास के पूर्वी मध्य सागर तथा लक्ष्यदीप क्षेत्र के ऊपर कम दबाव के रूप में मजबूत हो सकता है और आगामी 24 घंटों में और अधिक मजबूत होकर चक्रवाती तूफान में तब्दील हो जाएगा। जो कि 3 जून की शाम या रात तक उत्तरी महाराष्ट्र और दक्षिण गुजरात तट से टकरा सकता है। इतना ही नहीं मौसम विभाग ने एहतियातन मछुआरों को 4 जून तक समुद्र में नहीं जाने की भी सलाह दी है। साथ ही कहा है कि जो मछुआरे फिलहाल अरब सागर में गए हैं वे तुरंत वापस तटों पर लौट जाएं।