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Paush Amavasya 2022 : इस दिन विधि विधान से पूजा करने पर पितृ दोष और कालसर्प दोष हो जाते है समाप्त

जीवन में विशेष फल प्रदान करने वाला मुहूर्त अमावस्या के दिन बन रहा है।पौष अमावस्या के दिन बनने वाले इस मुहूर्त के बारे में मान्यता है कि इस दिन विधि विधान से पूजा करने पर पितृ दोष और कालसर्प दोष समाप्त हो जाते है।

By अनूप कुमार 
Updated Date

Paush Amavasya 2022: जीवन में विशेष फल प्रदान करने वाला मुहूर्त अमावस्या के दिन बन रहा है।पौष अमावस्या के दिन बनने वाले इस मुहूर्त के बारे में मान्यता है कि इस दिन विधि विधान से पूजा करने पर पितृ दोष और कालसर्प दोष समाप्त हो जाते है। वैदिक पंचांग के अनुसार पौष माह में कृष्ण पक्ष की अंतिम तिथि को पौष अमावस्या कहते हैं। पौष माह में सूर्यदेव की उपासना का विशेष महत्व है। धार्मिक मान्यता के अनुसार अमावस्या तिथि का बड़ा महत्व है। क्योंकि कई धार्मिक कार्य अमावस्या पर किये जाते हैं।

पढ़ें :- Paush Amavasya 2022 : 'सर्वार्थ सिद्धि योग' में पड़ रही है पौष अमावस्या, इस योग में किए गए मांगलिक कार्य शुभ फल प्रदान करते हैं

2 जनवरी, 2022 के लिए पौष अमावस्या का मुहूर्त
जनवरी 2, 2022 को 03:43:56 से अमावस्या आरम्भ
जनवरी 3, 2022 को 00:05:26 पर अमावस्या समाप्त

इस बार  इस बार की अमावस्या पर बहुत ही चमत्कारी योग बन रहा है। इस दिन प्रात: 07 बजकर 14 मिनट से शाम 04 बजकर 23 मिनट तक सर्वार्थ सिद्धि योग है। ज्योतिष शास्त्र के अनुसार, शुभ योग में किए गए मांगलिक कार्य हमेशा शुभ फल प्रदान करते हैं।

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