PHOTOS: भारत में चलता था ढाई रुपये का नोट, लाखों में हुआ था नीलाम

नई दिल्ली। आने वाली पीढ़ी को शायद ही याद रहे कि पुराने 500 और हज़ार के नोट कैसे हुआ करते थे। नोटबंदी के बाद चलन से बाहर हुए इन नोटों को एक साल से अधिक हो गए है। कुछ सालों बाद शायद ये नोट हमारे जेहन से उतर जाए। ऐसा हम इसलिए बता रहे हैं क्योकि ऐसा हो चुका है। ऐसे तमाम नोट चलन में हुआ करते थे लेकिन आज वो तस्वीरें दुर्लभ हो गयी है। लेकिन हम आपको कुछ ऐसी ही दुर्लभ नोट की तस्वीर दिखाने जा रहे हैं। क्या आप जानते हैं कि ढाई रुपए का नोट भी कभी चला करता था और यह कैसा दिखता था।


इस नोट को ब्रिटिश गर्वमेंट ऑफ इंडिया ने 2 जनवरी, 1918 में जारी किया था। उस समय इसको 2 रुपए आधा अन्‍ना का नोट कहा जाता था। ब्रिटिश राज में एक रुपए में 16 अन्‍ना होते थे इसलिए इसमें दो रुपए के साथ आधा अन्‍ना जोड़ा गया था। आज ये नोट पूरे 100 साल का हो गया है।

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हैंडमेट पेपर पर इंग्लैंड में छपा था ढाई रुपये के नोट को उस जमाने में ढाई रुपये और आधा आना कहा जाता था। इस नोट पर पांचवे किंग जॉर्ज की तस्वीर छपी थी और ब्रिटिश वित्त सचिव एमएमएस गबी ने साइन किया था। ढाई रुपये के नोट को इंग्लैंड में हैंडमेट पेपर पर प्रिंट किया गया था। ढाई रुपये के नोट की तब वैल्यू एक डॉलर के बराबर हुआ करती थी।

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ऐसे छपा था नोट इंडियन एक्सप्रेस की खबर के अनुसार विश्व युद्ध के वर्षों (1914-1918) के दौरान धातु की मांग के रूप में चांदी की कीमतें काफी बढ़ गईं। इसलिए अपने लाभों के लिए लोगों ने सिक्कों की जमाखोरी शुरू कर दी थी। इससे सार्वजनिक मांगों को पूरा करने के लिए पर्याप्त सिक्के बनाने के लिए चांदी की कमी हो गई। फिर इसकी छपाई शुरू हुई।

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