कांग्रेस विधायकों के इस्तीफे के पीछे है पीएम मोदी और अमित शाह का हाथ: सिद्धारमैया

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कांग्रेस विधायकों के इस्तीफे के पीछे है पीएम मोदी और अमित शाह का हाथ: सिद्धारमैया

नई दिल्ली। कर्नाटक में कांग्रेस विधायकों के ​इस्तीफे के बाद अब बयानबाजी का दौर शुरु हो गया है। अब विपक्ष आरोप लगा रहा है कि सरकार खुद को साफ सुथरा साबित करने में लगी हुई है। वहीं कर्नाटक के पूर्व मुख्यमंत्री सिद्धारमैया ने कांग्रेस विधायक आनंद सिंह और रमेश जरकिहोली के विधानसभा से इस्तीफा देने के पीछे प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और गृह मंत्री अमित शाह का हाथ बताया है।

Pm Modi And Amit Shahs Hand Behind The Resignation Of Congress Legislators Syas Siddaramaiah :

विधायकों के इस्तीफे को लेकर उन्होने कहा कि ‘इसमें अमित शाह सीधे तौर पर शामिल हैं, प्रधानमंत्री भी। वो कांग्रेस विधायकों को ताकत और पैसे का प्रलोभन दे रहे हैं। उनकी मंशा इस सरकार को गिराने की है, हालाकि वो इसमें सफल नहीं हो सकेंगे। उन्होने दावा किया कि कर्नाटक सरकार को कोई खतरा नहीं है। वहीं इस्तीफा देने वाले विधायकों के बारे में उन्होने कहा कि दोनों विधायक भाजपा में शामिल नहीं होंगे।’

बताया जा रहा है कि आनंद सिंह को विधानसभा में मंत्री पद की उम्मीद थी। साल भर पहले कांग्रेस ने आनंद सिंह को मंत्रीमंडल में शामिल करने का आश्वासन दिया, हालाकि ऐसा हुआ नहीं। जबकि इस दौरान दो बार मंत्रीमंडल का विस्तार किया गया।

नई दिल्ली। कर्नाटक में कांग्रेस विधायकों के ​इस्तीफे के बाद अब बयानबाजी का दौर शुरु हो गया है। अब विपक्ष आरोप लगा रहा है कि सरकार खुद को साफ सुथरा साबित करने में लगी हुई है। वहीं कर्नाटक के पूर्व मुख्यमंत्री सिद्धारमैया ने कांग्रेस विधायक आनंद सिंह और रमेश जरकिहोली के विधानसभा से इस्तीफा देने के पीछे प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और गृह मंत्री अमित शाह का हाथ बताया है। विधायकों के इस्तीफे को लेकर उन्होने कहा कि 'इसमें अमित शाह सीधे तौर पर शामिल हैं, प्रधानमंत्री भी। वो कांग्रेस विधायकों को ताकत और पैसे का प्रलोभन दे रहे हैं। उनकी मंशा इस सरकार को गिराने की है, हालाकि वो इसमें सफल नहीं हो सकेंगे। उन्होने दावा किया कि कर्नाटक सरकार को कोई खतरा नहीं है। वहीं इस्तीफा देने वाले विधायकों के बारे में उन्होने कहा कि दोनों विधायक भाजपा में शामिल नहीं होंगे।' बताया जा रहा है कि आनंद सिंह को विधानसभा में मंत्री पद की उम्मीद थी। साल भर पहले कांग्रेस ने आनंद सिंह को मंत्रीमंडल में शामिल करने का आश्वासन दिया, हालाकि ऐसा हुआ नहीं। जबकि इस दौरान दो बार मंत्रीमंडल का विस्तार किया गया।