पोखरण परमाणु परीक्षण: मोदी ने की वाजपेयी की तारीफ, बोले- कोई कमजोर पीएम होता तो डर जाता

Pm Modi Hails Vajpayees Courage For Conducting Pokhran Nuclear Tests

नई दिल्ली| प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने गुरुवार को वर्ष 1998 में आज ही के दिन एक परमाणु परीक्षण करने को लेकर तत्कालीन प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी और भारतीय वैज्ञानिकों के प्रयासों की सराहना की| मोदी ने कहा कि राष्ट्रीय प्रौद्योगिकी दिवस पर सभी को, खास तौर पर हमारे परिश्रमी वैज्ञानिकों और प्रौद्योगिकी को लेकर उत्साहित लोगों का अभिवादन।




प्रधानमंत्री ने कहा, “हम पोखरण में वर्ष 1998 में साहस दिखाने के लिए अपने वैज्ञानिकों और राजनीतिक नेतृत्व के आभारी हैं।” उन्होंने कहा, “दुनिया पोखरण (परमाणु) परीक्षणों के बारे में भली-भांति जानती है। अटल जी के नेतृत्व में सफल परीक्षण किए गए और पूरी दुनिया ने भारत का लोहा माना। वैज्ञानिकों ने देश को गौरवान्वित किया।”

उन्होंने कहा, “अगर हमारा प्रधानमंत्री कमजोर होता, तो वह उस दिन डरा होता। लेकिन अटल जी वैसे नहीं हैं। वह भयभीत नहीं हुए।” मोदी ने कहा, “पोखरण के लोगों की भी प्रशंसा की जानी चाहिए जिन्होंने परीक्षणों की योजना बनाने और उनका संचालन किए जाने की पूरी अवधि के दौरान शांति कायम रखी। उन्होंने अन्य सभी चीजों से बढ़कर देश के हित को महत्व दिया।”



उन्होंने कहा, “आइये, हम समाज में प्रौद्योगिकी को और समाहित करें। प्रौद्योगिकी में बदलाव लाने की असीम क्षमता है।” भारत ने 11 मई, 1998 को राजस्थान के पोखरण में परमाणु परीक्षण किया था। दो दिन बाद दूसरा परमाणु परीक्षण किया गया था। भारत ने अपना पहला परमाणु परीक्षण भी पोखरण में किया था। पहला परीक्षण 18 मई, 1974 को किया गया था।

नई दिल्ली| प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने गुरुवार को वर्ष 1998 में आज ही के दिन एक परमाणु परीक्षण करने को लेकर तत्कालीन प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी और भारतीय वैज्ञानिकों के प्रयासों की सराहना की| मोदी ने कहा कि राष्ट्रीय प्रौद्योगिकी दिवस पर सभी को, खास तौर पर हमारे परिश्रमी वैज्ञानिकों और प्रौद्योगिकी को लेकर उत्साहित लोगों का अभिवादन। प्रधानमंत्री ने कहा, "हम पोखरण में वर्ष 1998 में साहस दिखाने के लिए अपने वैज्ञानिकों और राजनीतिक नेतृत्व के आभारी हैं।" उन्होंने…