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डोभाल के बाद अब PM मोदी करेंगे सऊदी का दौरा, निवेश पर होगी चर्चा

By रवि तिवारी 
Updated Date

नई दिल्ली। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जल्द ही सऊदी अरब का दौरा करेंगे, जिस दौरान वे क्राउन प्रिंस मोहम्मद बिन सलमान सहित शीर्ष सऊदी नेतृत्व के साथ द्विपक्षीय बैठकों का आयोजन करेंगे। इस दौरान वे पीएम मोदी रियाद में होने वाले इंवेस्टमेंट समिट में शिरकत कर सकते हैं। इस इंवेस्टमेंट समिट का आयोजन खाड़ी के देशों द्वारा कराया जाएगा। हालांकि, अभी प्रधानमंत्री के इस दौरे की आधिकारिक घोषणा या पुष्टि नहीं हुई है।

महीने के आखिर में होगा पीएम का दौरा

प्रधानमंत्री रियाद में 29 से 31 अक्टूबर तक चलने वाली फ्यूचर इन्वेस्टमेंट समिट में हिस्सा लेंगे जो सऊदी अरब का महत्वाकांक्षी कार्यक्रम है। वह सऊदी क्राउन प्रिंस मोहम्मद बिन सलमान के साथ ज्यादा व्यापक द्विपक्षीय अजेंडे पर बातचीत करेंगे जिसमें सुरक्षा और अर्थव्यवस्था जैसे प्रमुख मुद्दे शामिल होंगे। आर्टिकल 370 हटाने के बाद प्रधानमंत्री की रियाद में मौजूदगी का महत्व और बढ़ जाता है। राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार (एनएसए) अजित डोभाल इसी हफ्ते रियाद में थे। उन्होंने भी क्राउन प्रिंस से बात की थी।  

डोभाल की यात्रा अहम

एनएसए डोभाल ने सऊदी अरब की यात्रा के दौरान वहां के शीर्ष नेतृत्व से बातचीत की थी। प्रिंस सलमान के साथ उनकी बैठक दो घंटे चली थी। माना जा रहा है कि एनएसए ने उन्हें कश्मीर के ताजा हालात की जानकारी दी थी। उन्होंने प्रिंस को ये भी बताया था कि भारत सरकार कश्मीर घाटी में विकास कार्यों पर काफी तेजी से आगे बढ़ रही है।

ज्यादातर प्रतिबंध भी हटा लिए गए हैं। इसके अलावा सऊदी तेल कंपनी अरामको पर हमले और उसके बाद के हालात पर भी चर्चा हुई थी। इसी दौरान मोदी की यात्रा का खाका भी तैयार किया गया। अरामको पहले ही रिलायंस से ऑयल सेक्टर में सहयोग का समझौता कर चुकी है। मोदी 2016 में रियाद गए थे। सऊदी अरब की यह उनकी दूसरी यात्रा होगी। सलमान इसी साल फरवरी में भारत आए थे। सऊदी ने हाल ही में ऐलान किया था कि वो भारत में 100 बिलियन डॉलर का निवेश करेगा।  

सबसे बड़ा तेल निर्यातक

सऊदी अरब, जो दुनिया का सबसे बड़ा तेल निर्यातक है, रिफाइनिंग, ऊर्जा और बुनियादी ढांचे के क्षेत्रों में 100 बिलियन अमरीकी डालर का निवेश करना चाहता है। देश की सबसे बड़ी तेल कंपनी आरामको भी भारतीय कंपनियों के साथ साझेदारी कर रही है।

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