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पुलिस ने दी चेतावनी फोन में रखते हैं Oximeter App, तो खाली कर सकते हैं आपका बैंक अकाउंट

ऑक्सीमीटर न मिलने पर लोग अपने स्मार्टफोन में ऑक्सीमीटर ऐप को डाउनलोड कर के भी ऑक्सीजन की जांच कर रहे हैं। जिसका फायदा उठाकर साइबर क्रिमिनल्स लोगों को बड़ी चपत लगा रहे हैं। इन ऑक्सीमीटर ऐप के जरिए साइबर क्रिमिनल्स लोगों की ठगी कर रहे हैं और इन ऐप्स से यूजर्स को सही रीडिंग भी नहीं मिल रही है जिससे वे और परेशान हो रहे हैं।

By आराधना शर्मा 
Updated Date

नई दिल्ली: देश भर में कोरोना महामारी के मामले तेजी से बढ़ रहे हैं ऐसे में ऑक्सीमीटर डिवाइस की डिमांड तेजी से बढ़ी है और लोग ऑक्सीजन मेजर करने के लिए इसका इस्तेमाल कर रहैं। ऑक्सीमीटर न मिलने पर लोग अपने स्मार्टफोन में ऑक्सीमीटर ऐप को डाउनलोड कर के भी ऑक्सीजन की जांच कर रहे हैं।

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जिसका फायदा उठाकर साइबर क्रिमिनल्स लोगों को बड़ी चपत लगा रहे हैं। इन ऑक्सीमीटर ऐप के जरिए साइबर क्रिमिनल्स लोगों की ठगी कर रहे हैं और इन ऐप्स से यूजर्स को सही रीडिंग भी नहीं मिल रही है जिससे वे और परेशान हो रहे हैं।

इन ऑक्सीमीटर ऐप्स को लेकर गुजरात पुलिस ने हाल ही में चेतावनी जारी की है जिसमें कहा गया है कि इन दिनों इंटरनेट पर स्मार्टफोन्स के लिए कई फर्जी ऑक्सीमीटर ऐप सर्कुलेट हो रहे हैं जिसका इस्तेमाल करने पर यूजर ठगी का शिकार हो सकते हैं। गुजरात पुलिस के अलावा हरियाणा साइबर क्राइम और DGP कर्नाटक ने भी लोगों को फर्जी ऑक्सीमीटर ऐप से बचकर रहने और इन ऐप्स द्वारा किए जा रहे दावों पर विश्वास न करने को कहा है।

ऐप्स से नहीं मिलती सही रीडिंग

अगर इन ऐप्स से मिलने वाले रीडिंग की बात की जाए तो ये ऐप्स न सिर्फ गलत रीडिंग देते हैं बल्की मोबाइल में मौजूद डेटा की भी चोरी करते हैं। अगर ठगी की बात करें तो साइबर क्रिमिनल्स के लिए यह ऐप एक बड़ा हथियार बन गया है। अगर आप ने ऐसा कोई ऐप डाउनलोड किया है तो तुरंत उसे अपने फोन से डिलीट कर दें।

ऐसे लोगों को चूना लगा रहे हैं ये फर्जी ऑक्सीमीटर ऐप

इंटरनेट और प्ले स्टोर पर Fake Oximeter App के कई लिंक मौजूद हैं। इन ऐप्स में दावा किया जाता है कि वो इंसान के शरीर में फोन लाइट, कैमरा और फिंगरप्रिंट स्कैन के जरिए ऑक्सीजन के स्तर को जांच सकते हैं। ऑक्सीजन लेवल को बताने के बहाने ये ऐप्स यूजर्स के फोन में मौजूद बैंक डिटेल्स, कॉन्टैक्स, फोटो और दूसरी फाइल्स का एक्सेस भी मांगते हैं।इन फर्जी ऐप्स से जुड़े हैकर्स यूजर्स के फिंगरप्रिंट डेटा के जरिए फोन में सेंध लगा सकते हैं और बैंक अकाउंट को भी खाली कर सकते हैं।

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ऐप डाउनलोड करते वक्त रखें इन बातों का ध्यान

यहां बात सिर्फ ऑक्सीमीटर ऐप की नहीं बल्कि अन्य ऐप की भी की जा रही है। अगर आप प्ले स्टोर से कोई भी हेल्थ ऐप या कोई अन्य ऐप डाउनलोड करते हैं तो उसकी अच्छे से जांच कर लें। इसके साथ ही आप यह भी जान सकते हैं कि ऐप कौन-कौन से परमिशन मांग रहा है। इसके लिए आपको ऐप डिटेल्स में जाकर Permission सेक्शन में यह चेक कर सकते हैं कि ऐप आप से कौन-कौन सी परमिशन मांग रहा है और उसके हिसाब से आप ऐप को डाउनलोड कर सकते हैं।

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