राहुल गांधी दोबारा नही बनेंगे कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष, बोले- सवाल ही नही

rahul gandhi
राहुल गांधी दोबारा नही बनेंगे कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष, बोले- सवाल ही नही

नई दिल्ली। कांग्रेस पार्टी में जबसे राहुल गांधी ने राष्ट्रीय अध्यक्ष पद से इस्तीफा दिया तबसे कोई राष्ट्रीय अध्यक्ष नही बन सका। हालांकि पार्टी के वरिष्ठ नेताओं ने सोनिया गांधी को अंतरिम अध्यक्ष बना रखा है लेकिन अभी भी राष्ट्रीय अध्यक्ष के पद की तलाश जारी है। ज्यादातर नेता अभी भी चाहते हैं कि राहुल गांधी दोबार राष्ट्रीय अध्यक्ष के पद का कार्यभार संभाल लें। लेकिन सूत्रों की माने तो राहुल गांधी ने साफ तौर से स्पष्ट कर दिया है कि वो दोबार राष्ट्रीय अध्यक्ष नही बनेंगे।

Rahul Gandhi Will Not Become National President Of Congress Again Said No Question :

राहुल गांधी ने शीर्ष नेतृत्व के सामने स्पष्ट कर दिया कि जिस पद से वह इस्तीफा दे चुके हैं अब उस पर दोबारा काबिज नहीं होंगे। हालांकि, कांग्रेस का शीर्ष नेतृत्व अप्रैल महीने के मध्य में पार्टी के पूर्ण अधिवेशन में इस पर अंतिम फैसला ले सकता है। लेकिन उससे पहले ही पार्टी के कुछ नेताओं ने राहुल गांधी की मंसा जाहिर कर दी है।

सूत्रों ने राहुल गांधी के हवाले से कहा, “मैंने लीडरशीप के मुद्दे पर अपना फैसला स्पष्ट कर दिया है। मैं इस पर पहले ही पत्र लिखा चुका हूं और मैं इस बात को लेकर स्पष्ट हूं कि मौजूदा समय में कांग्रेस अध्यक्ष के रूप में मेरी वापसी का कोई सवाल ही नहीं है.” हालांकि जब राहुल गांधी से ये पूछा गया कि अगर पार्टी दबाव डालती है तो आप क्या करेंगे। इस पर उन्होेने कहा आखिरी फैसला सोनिया गांधी लेंगी।

नई दिल्ली। कांग्रेस पार्टी में जबसे राहुल गांधी ने राष्ट्रीय अध्यक्ष पद से इस्तीफा दिया तबसे कोई राष्ट्रीय अध्यक्ष नही बन सका। हालांकि पार्टी के वरिष्ठ नेताओं ने सोनिया गांधी को अंतरिम अध्यक्ष बना रखा है लेकिन अभी भी राष्ट्रीय अध्यक्ष के पद की तलाश जारी है। ज्यादातर नेता अभी भी चाहते हैं कि राहुल गांधी दोबार राष्ट्रीय अध्यक्ष के पद का कार्यभार संभाल लें। लेकिन सूत्रों की माने तो राहुल गांधी ने साफ तौर से स्पष्ट कर दिया है कि वो दोबार राष्ट्रीय अध्यक्ष नही बनेंगे। राहुल गांधी ने शीर्ष नेतृत्व के सामने स्पष्ट कर दिया कि जिस पद से वह इस्तीफा दे चुके हैं अब उस पर दोबारा काबिज नहीं होंगे। हालांकि, कांग्रेस का शीर्ष नेतृत्व अप्रैल महीने के मध्य में पार्टी के पूर्ण अधिवेशन में इस पर अंतिम फैसला ले सकता है। लेकिन उससे पहले ही पार्टी के कुछ नेताओं ने राहुल गांधी की मंसा जाहिर कर दी है। सूत्रों ने राहुल गांधी के हवाले से कहा, "मैंने लीडरशीप के मुद्दे पर अपना फैसला स्पष्ट कर दिया है। मैं इस पर पहले ही पत्र लिखा चुका हूं और मैं इस बात को लेकर स्पष्ट हूं कि मौजूदा समय में कांग्रेस अध्यक्ष के रूप में मेरी वापसी का कोई सवाल ही नहीं है." हालांकि जब राहुल गांधी से ये पूछा गया कि अगर पार्टी दबाव डालती है तो आप क्या करेंगे। इस पर उन्होेने कहा आखिरी फैसला सोनिया गांधी लेंगी।