बर्खास्तगी के बाद पहली बार बोले राजकिशोर, सपा को बताया सबसे भ्रष्ट

लखनऊ। यूपी की सत्ताधारी समाजवादी पार्टी में हाल फिलहाल कुछ अच्छा नहीं चल रहा है। अखिलेश मंत्रिमंडल से बर्खास्तगी के बाद पूर्व कैबिनेट मंत्री राजकिशोर सिंह ने बगावती तेवर दिखाने शुरू कर दिए हैं। बस्ती जिले में अपने निर्वाचन क्षेत्र हर्रैया में एक जनसभा के दौरान पूर्व मंत्री राजकिशोर सिंह ने कहा कि अगर अखिलेश यादव की सरकार में खनन मंत्री गायत्री प्रजापति जैसे भ्रष्टाचारी की वापसी हो सकती थी तो उनमें क्या बुराई थी। उनका दामन भ्रष्टाचारी गायत्री प्रजापति से तो कहीं ज्यादा साफ है। राजकिशोर सिंह इतने पर ही नहीं रूके उन्होने समाजवादी पार्टी को सबसे भ्रष्ट राजनीतिक दल तक करार दे दिया।




राजकिशोर ने अपने बगावती सुर बुलंद करते हुए कहा कि वह अपने निर्वाचन क्षेत्र से निर्दलीय चुनाव भी लड़ जाएंगे तो जनता उन्हें जिता देगी। उन्हें हर्रैया की जनता से जो प्यार मिला है वे उसे कभी भुला नहीं पाएंगे। वर्तमान परिस्थितियों में उनकी आगे की रणनीति क्या होगी और वह किस चुनाव निशान के साथ चुनावी मैदान में उतरेंगे यह जल्द ही जनता को पता चल जाएगा।

उन्होने सपा सुप्रीमो मुलायम सिंह यादव पर हमलावर होते हुए कहा कि वह नहीं चाहते कि पूर्वांचल की कोई नया राजनीतिक चेहरा उभरे। इसी रणनीति के तहत सपा ने उनकी राजनीतिक हत्या करने की नियत से उन्हें भ्रष्टाचार के आरोपों में बर्खास्त करने की साजिश रची है।

जनसभा के दौरान राजकिशोर के भाई ऊर्जा सलाहकार बृजकिशोर सिंह डिम्पल भी मौजूद रहे। वहीं जनसभा के दौरान बृजकिशोर ने कहा कि उनके भाई राजकिशोर की हत्या की साजिश भी रही जा रही है। उन्होंने यह भी कहा कि समय तय करेगा कि राजकिशोर के खिलाफ साजिश करने वाले लोग कितने पानी में हैं। हर्रैया के लोगों ने जो मान-सम्मान दिया है, वहीं हमारी ताकत है। अगर जनता का साथ रहा तो हर्रैया की जनता ही प्रदेश की राजनीति तय करेगी।




समाजवादी पार्टी में रहते हुए नेता जी और अखिलेश सरकार के खिलाफ आवाज बुलंद करने वाले राजकिशोर के तेवर देखने के बाद कहा जाने लगा है कि वह किसी दूसरे राजनीतिक दल के संपर्क में हैं। अभी इस बात की पुष्टि नहीं हो पाई है कि राजकिशोर सिंह किस दल में अपना नया ठिकाना बनाने वाले हैं, लेकिन उनके बागी होने से पूर्वांचल के बस्ती समेंत कुछ जिलों में सपा को वह नुकसान जरूर पहुंचा सकते हैं।