मोदी की ब्लैक मनी स्ट्राइक को बौखलाई मायावती ने बताया आर्थिक इमरजेन्सी

लखनऊ। यूपी की पूर्व मुख्यमंत्री और बीएसपी सुप्रीमो मयावती ने गुरूवार को लखनऊ में मीडिया को संबोधित करते हुए केन्द्र सरकार द्वारा 500 और 1000 के नोटों को बदले जाने की प्रक्रिया पर कड़ी प्रतिक्रिया जाहिर करते हुए कहा है कि मोदी सरकार ने देश में आर्थिक इमरजेन्सी लगा दी है। पीएम मोदी की नियत साफ नहीं हैं।




प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी द्वारा 500 और 1000 के नोटों को अवैध घोषित किए जाने के बाद से ही विधानसभा चुनावों के मुहाने पर खड़े यूपी के राजनीतिक दलों में एक खलबली सी मची हुई है। राजनीतिक विरोधी पीएम मोदी के इस कदम की आलोचना कर रहे हैं। इस क्रम में सबसे आगे खड़ी अपनी टिकट बेंचने के लिए बदनाम रही बीएसपी सुप्रीमो मायावती। जिनका आरोप है कि पीएम मोदी को कालेधन की याद अचानक से ढ़ाई साल बाद ही क्यों आई। उनकी नियत साफ नहीं है। उनके नेतृत्व वाली सरकार लोकसभा चुनावों से पहले जनता से किए एक चौथाई वादे पूरे नहीं कर पाई है। अब यूपी में विधानसभा के चुनाव होने है ऐसे वक्त पर सुर्खियां बटोरने के लिए मोदी सरकार को एकाएक कालेधन की याद आई है। जिससे देश में आर्थिक इमरजेन्सी जैसे हालात पैदा हो गए हैं।




मायावती ने कहा कि एक ओर देश की सरहदें असुरक्षित हैं, दूसरी ओर केन्द्र सरकार ऐसी स्टंटबाजी कर रहे हैं। लोगों का ध्यान ऐसे गंभीर विषयों से हटाने के लिए मोदी सरकार ने ऐसे कदम उठाए हैं। मोदी सरकार कारोबारियों और धन्नासेठों को फायदा पहुंचाने के अलावा कोई काम नहीं कर रही है। बीजेपी और संघ की नीतियां आम आदमी की भलाई की विरोधी हैं।