सिंधिया के कांग्रेस छोड़ने को सचिन पायलट ने बताया दुर्भाग्यपूर्ण, बोले- सुलझाए जा सकते थे विवाद

sachin
बस पॉलिटिक्स: राजस्थान के डिप्टी सीएम का योगी सरकार पर हमला

नई दिल्ली। कांग्रेस (Congress) के दिग्गज नेता ज्योतिरादित्य सिंधिया (Jyotiraditya Scindia) के पार्टी छोड़ने के बाद राजस्थान के उपमुख्यमंत्री और कांग्रेस नेता सचिन पायलट (Sachin Pilot) ने कहा है कि सिंधिया का पार्टी से अलग होना दुखद है। चीजें पार्टी के अंदर ही सुलझाई जा सकती थीं। राजस्थान के उप मुख्यमंत्री सचिन पायलट ने सिंधिया के खिलाफ कुछ भी नहीं कहा।

Sachin Pilot Reaction On Jyotiraditya Scindia Quit Congress Join Bjp :

बता दें, सिंधिया ने कांग्रेस से इस्तीफा मंगलवार को सुबह ही दे दिया था और उसी दिन उनके भारतीय जनता पार्टी (BJP) में शामिल होने की चर्चा थी, लेकिन उन्होंने मंगलावर को शामिल न होकर बुधवार को राष्ट्रीय अध्यक्ष जेपी नड्डा की मौजूदगी में दिल्ली में भाजपा की सदस्यता ग्रहण की। भाजपा की सदस्यता लेने के कुछ घंटों के अंदर ही उन्हें राज्यसभा का उम्मीदवार भी बना दिया गया। इसके बाद ही सचिन पायलट ने इस मामले पर अपनी बात कही है।  

पायलट ने ट्वीट करते हुए लिखा, ‘ज्योतिरादित्य सिंधिया को कांग्रेस से अलग होते देखना दुखद है। काश चीजों को पार्टी के अंदर ही साथ मिलकर सुलझा लिया गया होता।’ बता दें, सिंधिया पार्टी में लगातार हो रही अनदेखी से परेशान थे और इसी वजह से उन्होंने पार्टी से अलग होने का फैसला किया। सिंधिया के साथ ही मध्य प्रदेश कांग्रेस के 22 विधायकों ने भी अपने पदों से इस्तीफा दे दिया। इन इस्तीफों के बाद मध्‍यप्रदेश में कांग्रेस की सरकार संकट में आ गई. हालांकि मुख्यमंत्री कमलनाथ ने कहा है कि वह विधानसभा में बहुमत साबित करेंगे।

मध्यप्रदेश में कांग्रेस ने चुनाव जीतने के बाद कमलनाथ को केन्द्र की राजनीति से उठाकर राज्य का मुख्यमंत्री बना दिया था। यह तब हुआ जब सिंधिया की अगुवाई में ही कांग्रेस ने पूरा प्रचार अभियान चलाया था। इसी तरह राजस्थान में भी सचिन पायलट मुख्यमंत्री पद के दावेदार थे, पर उनकी जगह अशोक गहलोत को राज्य का मुख्यमंत्री बना दिया गया। सिंधिया की तरह पायलट भी कई मौकों पर अपनी पार्टी के खिलाफ नाराजगी जाहिर कर चुके हैं।
 

नई दिल्ली। कांग्रेस (Congress) के दिग्गज नेता ज्योतिरादित्य सिंधिया (Jyotiraditya Scindia) के पार्टी छोड़ने के बाद राजस्थान के उपमुख्यमंत्री और कांग्रेस नेता सचिन पायलट (Sachin Pilot) ने कहा है कि सिंधिया का पार्टी से अलग होना दुखद है। चीजें पार्टी के अंदर ही सुलझाई जा सकती थीं। राजस्थान के उप मुख्यमंत्री सचिन पायलट ने सिंधिया के खिलाफ कुछ भी नहीं कहा। बता दें, सिंधिया ने कांग्रेस से इस्तीफा मंगलवार को सुबह ही दे दिया था और उसी दिन उनके भारतीय जनता पार्टी (BJP) में शामिल होने की चर्चा थी, लेकिन उन्होंने मंगलावर को शामिल न होकर बुधवार को राष्ट्रीय अध्यक्ष जेपी नड्डा की मौजूदगी में दिल्ली में भाजपा की सदस्यता ग्रहण की। भाजपा की सदस्यता लेने के कुछ घंटों के अंदर ही उन्हें राज्यसभा का उम्मीदवार भी बना दिया गया। इसके बाद ही सचिन पायलट ने इस मामले पर अपनी बात कही है।   पायलट ने ट्वीट करते हुए लिखा, 'ज्योतिरादित्य सिंधिया को कांग्रेस से अलग होते देखना दुखद है। काश चीजों को पार्टी के अंदर ही साथ मिलकर सुलझा लिया गया होता।' बता दें, सिंधिया पार्टी में लगातार हो रही अनदेखी से परेशान थे और इसी वजह से उन्होंने पार्टी से अलग होने का फैसला किया। सिंधिया के साथ ही मध्य प्रदेश कांग्रेस के 22 विधायकों ने भी अपने पदों से इस्तीफा दे दिया। इन इस्तीफों के बाद मध्‍यप्रदेश में कांग्रेस की सरकार संकट में आ गई. हालांकि मुख्यमंत्री कमलनाथ ने कहा है कि वह विधानसभा में बहुमत साबित करेंगे। मध्यप्रदेश में कांग्रेस ने चुनाव जीतने के बाद कमलनाथ को केन्द्र की राजनीति से उठाकर राज्य का मुख्यमंत्री बना दिया था। यह तब हुआ जब सिंधिया की अगुवाई में ही कांग्रेस ने पूरा प्रचार अभियान चलाया था। इसी तरह राजस्थान में भी सचिन पायलट मुख्यमंत्री पद के दावेदार थे, पर उनकी जगह अशोक गहलोत को राज्य का मुख्यमंत्री बना दिया गया। सिंधिया की तरह पायलट भी कई मौकों पर अपनी पार्टी के खिलाफ नाराजगी जाहिर कर चुके हैं।